कांग्रेस के लिए कठिन मानी जा रही भोपाल सीट से प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को मैदान में उतारा है. क्या सिंह भोपाल की नैय्या पार लगा पाएंगे.
सपना ने मीडिया से बातचीत में यह भी कहा,' मेरी कांग्रेस में जाने की कोई इच्छा नहीं है. मैं कांग्रेस के लिए प्रचार नहीं करूंगी और मेरी राज बब्बर से भी कोई मुलाकात नहीं हुई है.
मनमोहन सिंह सरकार के दौरान हुई सामाजिक-आर्थिक और जाति जनगणना में भी जाति का सवाल खुला रखा गया था, ड्रॉप-डाउन मेन्यू नहीं दिया गया था. इस कवायद में जाति, उप-जाति और गोत्र के 46.7 लाख नाम सामने आए थे, जिससे उनका वर्गीकरण करना लगभग असंभव हो गया था.