आईआईटी एलुमनाई का नेटवर्क अपने ब्राह्मण-केंद्रित दायरे को कब पार करेगा? ये प्रभावशाली आवाजें प्रचलित मानदंडों को कब चुनौती देंगी ताकि प्रत्येक छात्र बिना किसी पूर्वाग्रह के आगे बढ़ सके?
क्रिकेट मैच को भारतीय एक बड़े त्योहार की तरह मनाते हैं. आप वर्ल्ड कप फाइन मैच को देख लें. फाइनल मैच को ओटीटी पर 5.9 करोड़ लोग देख रहे थे जबकि स्टेडियम में 1.3 लाख दर्शक मौजूद थे.
वायु प्रदूषण बालों के झड़ने का एक प्रमुख कारक बनकर उभरा है. हमारे माता-पिता को 50 या 60 की उम्र में जो परेशानी होती है, वह अब 20 से 30 की उम्र में भी हो सकती है.
यह दो दशकों से शिखर की ओर बढ़ने की भारतीय कामयाबी की कहानी है, 1983 वाले गौरव की क्षणिक उपलब्धि नहीं! भारत में इस खेल में व्यवस्थागत बदलाव किए गए; फास्ट बॉलिंग, फिटनेस और फील्डिंग इसकी नींव के पत्थर हैं.
अब जबकि बड़ी संख्या में महिलाओं को सेना में अधिकारी रैंक से नीचे के कर्मियों के रूप में भर्ती किया जाना है, तो सशस्त्र बलों को लिंग आधारित अपराधों से निपटने के लिए कानून बनाना होगा.
किसी भी चैनल ने फंसे हुए मजदूरों के परिवारों का पता लगाने की कोशिश नहीं की. लेकिन देश न्यूज़़ और इंडिया वॉयस जैसे चैनलों के पास गाज़ा और इज़रायल में शोक संतप्त परिवारों के खूब फुटेज हैं.
नक्सलवाद के खिलाफ जंग के कई योद्धाओं का कोई जिक्र नहीं किया जाता लेकिन गृह मंत्रालय के ‘समाधान’ कार्यक्रम को इन्हीं योद्धाओं के प्रयासों के कारण कामयाबी मिली.