आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, देश के सबसे अधिक आबादी वाले न्यू साउथ वेल्स में सोमवार को कोविड-19 के 6,324 नए मामले सामने आए. वहां, 524 लोग अस्पताल में भर्ती हैं और 55 लोग ICU में हैं.
प्रधानमंत्री मोदी ने शनिवार को यह घोषणा की कि 10 जनवरी से कोविड टीके की बूस्टर डोज लगाए जाने की शुरुआत की जाएगी. वैज्ञानिक अध्ययनों में पाया गया है कि दूसरी खुराक के कुछ समय बाद प्रतिरक्षा कम हो जाती है और इसलिए बूस्टर डोज की अनुशंसा की गयी है.
फोर्डा ने शनिवार को जारी एक बयान में कहा कि भविष्य के आंदोलन पर चर्चा करने के लिए विभिन्न राज्यों के रेजिडेंट डॉक्टर संघों के प्रतिनिधियों के साथ शाम को फोर्डा ने एक डिजिटल बैठक बुलाई थी.
ओमीक्रॉन के सबसे अधिक 108 मामले महाराष्ट्र में सामने आए. इसके बाद दिल्ली में 79, गुजरात में 43, तेलंगाना में 38, केरल में 37, तमिलनाडु में 34 और कर्नाटक में 31 मामले सामने आए.
सरकार की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक भारत में अब तक पाए गए ओमाइक्रॉन प्रकार के 358 मामलों में से 183 का विश्लेषण किया गया और उनमें से 121 मरीज विदेश यात्रा करके आए थे.
शोधकर्ताओं ने अपने अध्ययन में अमेरिका, ब्रिटेन, जर्मनी और रूस जैसे देशों से प्राप्त आंकड़ों का इस्तेमाल किया, जो पहले ही महामारी की तीसरी लहर का सामना कर रहे हैं.
तीन कारकों—राजनीतिक समर्थन, कलेक्टर के कार्यालय का एक 'लिसनिंग पोस्ट' (सूचना केंद्र) के रूप में कार्य करना, और उग्रवाद-विरोधी अभियानों में हस्तक्षेप न करना—ने यह सुनिश्चित किया कि दंतेवाड़ा अभियान सफल रहा.