विपक्षी दलों की एकजुटता के लिए बेंगलुरु में दो दिन तक चली बैठक के दौरान विपक्षी दलों ने कई मुद्दों पर चर्चा की. इस दौरान गठबंधन को एक नया नाम दिया गया है- I.N.D.I.A- यानी Indian National Developmental Inclusive Alliance.
विपक्ष द्वारा अपने महागठबंधन को ‘‘इंडिया’’ नाम दिए जाने की खबरों के बीच शिवसेना (यूबीटी) नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने ट्वीट किया, ‘‘2024 टीम इंडिया बनाम टीम एनडीए होगा.’’
राहुल गांधी ने 15 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट में दायर अपनी याचिका में कहा है कि यदि सात जुलाई के आदेश पर रोक नहीं लगाई गई तो इससे ‘‘स्वतंत्र भाषण, स्वतंत्र अभिव्यक्ति, स्वतंत्र विचार और स्वतंत्र वक्तव्य’’ का दम घुट जाएगा.
लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने कहा, एनडीए में सब कुछ ठीक है. हमारा लक्ष्य 2024 का लोकसभा और 2025 का बिहार चुनाव है...मैं हाजीपुर से चुनाव लड़ूंगा.
पूर्व चुनाव रणनीतिकार, जो इस समय बिहार में अपनी पार्टी के लिए पदयात्रा कर रहे हैं, कहते हैं कि पार्टियों और नेताओं के एक साथ बैठने से 'विचारों में एकता' और जनता के बीच ले जा सकने वाली कहानी के बिना कोई फर्क नहीं पड़ेगा.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के पोर्ट ब्लेयर में वीर सावरकर अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर नए टर्मिनल भवन का उद्घाटन किया.
चाचा और भतीजा दोनों 2024 में हाजीपुर से चुनाव लड़ने पर आमादा हैं. बीजेपी 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले उन्हें एक साथ लाने की कोशिश कर रही है, खासकर जबसे जेडीयू एनडीए से बाहर हो गई है.
बेंगलुरु में विपक्षी दलों का दो दिवसीय सम्मेलन चल रहा है. कांग्रेस के पूर्व सहयोगी कुमारस्वामी का कहना है कि आयोजकों ने उन्हें आमंत्रित नहीं किया क्योंकि वे 'भ्रम' में हैं कि जेडी(एस) समाप्त हो गया है.
ममता बनर्जी को सर्जरी की वजह से बैठक के बाद रात्रिभोज में शामिल नहीं होना था. हालांकि, वह विचार-विमर्श के बाद कुछ समय के लिए रुकीं, लेकिन खाना नहीं खाया.
परविंदर सिंह को तब गिरफ्तार किया गया, जब उन्होंने एक दुकानदार के गले में जूतों की माला डालकर कथित तौर पर उसकी परेड निकाली, क्योंकि एक विक्रेता ने उसके दुकान से 'प्रतिबंधित कैप्सूल' खरीदे थे.
पश्चिम बंगाल चुनाव में वामपंथी दल और कांग्रेस खुरचन में हिस्सेदारी के लिए होड़ लगा रहे हैं. पूर्वी-मध्य भारत में माओवाद को कब्र में दफन कर दिया गया है, तो केरल में वे सरकार विरोधी दोहरी भावना से जूझ रहे हैं.