महाराष्ट्र और दिल्ली में ओमीक्रॉन वैरिएंट के 54-54 मामले सामने आए हैं, जबकि तेलंगाना में इस स्वरूप के 20, कर्नाटक में 19, राजस्थान में 18, केरल में 15 और गुजरात में 14 मामले सामने आए हैं.
भारत बायोटेक ने भारत के औषधि नियामक से नाक के जरिए दिए जाने वाले कोविड-रोधी टीके के तीसरे चरण के अध्ययन के लिए इजाजत मांगी है. कंपनी ने दोनों डोज ले चुके लोगों को बूस्टर खुराक के तौर पर इस टीके का अध्ययन करने के लिए अनुमति मांगी है.
मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, देश में पिछले 24 घंटे में संक्रमण से मौत के जो 132 मामले सामने आए, उनमें से केरल के 96 और महाराष्ट्र एवं पश्चिम बंगाल के नौ-नौ मामले थे.
इस अनुसंधान परियोजना से कोविड-19 के नए स्वरूपों तथा भविष्य की महामारियों का सामना करने के लिए तेजी से नए टीके विकसित करने की ब्रिटेन तथा दुनिया की क्षमता बढ़ेगी.
अब तक महाराष्ट्र (54), दिल्ली (22), राजस्थान (17), कर्नाटक (14), तेलंगाना (20), केरल (11), गुजरात (9), आंध्र प्रदेश (1), चंडीगढ़ (1), तमिलनाडु (1) और पश्चिम बंगाल (1) में ओमीक्रॉन के मरीजों का पता चला है.
आंकड़ों के मुताबिक, दिल्ली में अब तक 14,42,197 लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है, जिनमें से 14.16 लाख मरीज संक्रमण मुक्त हो चुके हैं. दिल्ली में महामारी से 25,101 मरीजों की अबतक जान गई है.
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के रविवार सुबह आठ बजे तक अद्यतन आंकड़ों के अनुसार, महामारी से 264 और मरीजों की मौत के बाद मृतक संख्या बढ़कर 4,77,422 हो गई है. संक्रमण के दैनिक मामले पिछले 52 दिनों से 15,000 से कम बने हुए हैं.
तीन कारकों—राजनीतिक समर्थन, कलेक्टर के कार्यालय का एक 'लिसनिंग पोस्ट' (सूचना केंद्र) के रूप में कार्य करना, और उग्रवाद-विरोधी अभियानों में हस्तक्षेप न करना—ने यह सुनिश्चित किया कि दंतेवाड़ा अभियान सफल रहा.