2020 से पहले मोदी सरकार का आर्थिक रेकॉर्ड उतना ‘बुरा’ नहीं था जैसा मनमोहन सिंह ने अनुमान लगाया था, लेकिन आर्थिक वृद्धि भी दहाई अंकों वाले आंकड़े की ओर नहीं बढ़ी; सरकार कोविड के दौरान लड़खड़ाती और फिर भूलों से सबक लेती दिखी
बौद्धिक आलस के शिकार होने वालों में सलमान खुर्शीद अकेले नहीं हैं इसलिए उनसे सीख लेने से पहले कांग्रेसनेताओं को आइएसआइएस और चुनावी राजनीति के बारे में पूरी जानकारी हासिल कर लेनी चाहिए.
तरक्की के सपने संजोने वाले और इसके लिए शुद्ध अंग्रेजी बोलने के चक्कर में मादरी जुबान को भुलाने की जुगत में लगे हिन्दुस्तानियों की हालत जितनी त्रासद है, उतनी ही प्रहसनात्मक भी.
रिजर्व कैटेगरी खासकर, एससी, एसटी और ओबीसी कैंडिडेट का अनरिजर्व कैटेगरी में 'घुस आना' बहुत बड़ी 'आफत' के रूप में सामने आया है और इससे सवर्ण जातियों में तनाव और चिंता पैदा हो रही है.
भाजपा, खासकर मोदी और शाह के नेतृत्व में, बेकार के मुद्दों पर अपना समय बर्बाद करने में काफी माहिर है. इसलिए उसने पूरी तरह कांग्रेस के अतीत पर फोकस कर रखा है.
देश की शीर्ष अदालत यमुना नदी के जल की गुणवत्ता के स्तर में सुधार के लिए 1994 से ही प्रयत्नशील है लेकिन न्यायिक सख्ती के बावजूद इस प्राचीन नदी को प्रदूषण से मुक्त नहीं कराया जा सका है.
अमेरिका के लक्ष्य अधूरे रह गए, अब उसके पास न तो इतनी ताकत है और न इतना जोश है कि वह युद्ध फिर शुरू कर सके; और ईरान? घुटने टेकने की जगह वह पूरे संकल्प के साथ लड़ा. उसकी बागडोर अब ज्यादा कट्टरपंथी लोगों के हाथ में है