तीन विवादास्पद कृषि कानून, जिन्होंने एक साल तक चलने वाले आंदोलन को जन्म दिया- को रद्द करने का मोदी सरकार का फैसला पंजाब विधानसभा चुनाव से कुछ ही महीनों पहले आया है.
गौरतलब है कि किसान तीन कृषि कानूनों को वापस लेने के लिए दिल्ली की अलग-अलग सीमाओं पर लगभग एक साल से प्रदर्शन कर रहे हैं. इस प्रदर्शन के दौरान लगभग 700 किसान शहीद हो चुके हैं.
अखिलेश यादव ने कहा कि 'देश के सभी किसानों को मैं बधाई देना चाहता हूं जिनके संघर्ष और आंदोलन के परिणाम स्वरूप आज तीनों काले कानून वापस लिये गये हैं. काले कानून की वापसी अंहकार की हार हैं. यह किसानों की जीत है, लोकतंत्र की जीत है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरु नानक जयंती के अवसर पर राष्ट्र के नाम संबोधन में घोषणा की कि केंद्र ने तीन कृषि कानूनों को निरस्त करने का फैसला किया है.
प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्र के नाम अपने संबोधन में तीनों कृषि कानूनों को निरस्त करने के निर्णय की घोषणा करते हुए कहा कि संसद के आगामी सत्र में इसके लिए समुचित विधायी उपाय किए जाएंगे.
कैलाश विजयवर्गीय भले ही अब राजनीतिक रूप से बहुत सक्रिय नजर नहीं आ रहे हों, लेकिन माना जाता है कि उन्हें अब भी केंद्रीय गृह मंत्री और पूर्व भाजपा अध्यक्ष अमित शाह का पूरा भरोसा हासिल है.
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा का हिंदू-मुस्लिम ध्रुवीकरण चुनाव जीतने की संभावना बढ़ाने के लिए किया गया लगता है, लेकिन एक बड़ा कानूनी सवाल है: क्या इससे उन पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है?