देश की वित्तीय राजधानी में इन्फ्रास्ट्रक्चर निर्माण का काम देर से शुरू हुआ और इसके साथ रियल एस्टेट के निर्माण में भी जबरदस्त तेजी आई, लेकिन वायु प्रदूषण में भी वह देश की राजधानी को टक्कर देने लगी है.
उत्तर प्रदेश में जब योगी आदित्यनाथ 2017 में सत्ता में आए थे तब शराब से राज्य को हर साल मिलने वाला एक्साइज रेवेन्यू 14,000 करोड़ रुपए था जो अब यानी 2022-23 में लगभग तीन गुना बढ़कर 42,250 करोड़ रुपए हो गया है.
पिछले कुछ दशकों से क्लब स्पोर्ट और पेशेवर नजरिए ने सख्त राष्ट्रवादी भावनाओं को नरम किया है, फुटबॉल से शुरू हुआ यह चलन क्रिकेट में भी आ पहुंचा है, जिसका सबूत इस वर्ल्ड कप में दिख रहा है.
शहरी उपभोक्ता वर्तमान आर्थिक स्थितियों के बारे में, जबकि ग्रामीण भारत के लोग 1 साल आगे की आय, आर्थिक और व्यावसायिक माहौल की उम्मीदों के बारे में अधिक आशावादी हैं.
खुर्शीद इमाम, एक कट्टर मुस्लिम, भारत में हिब्रू के एकमात्र प्रोफेसर बनने के लिए भाषाई और सांस्कृतिक बाधाओं को तोड़ चुके हैं, और तौफीक ज़कारिया देश के सबसे प्रमुख हिब्रू सुलेखक (वह व्यक्ति जिसकी लिखावट सुन्दर हो) हैं.
बांग्लादेश के नए विदेश मंत्री खलील-उर-रहमान के अप्रैल में भारत आने की उम्मीद है. प्रधानमंत्री तारिक रहमान के पद संभालने के बाद ये दोनों देशों के बीच पहला बड़ा हाई-लेवल संपर्क होगा.