आदेश के अनुसार, शहरों में बिना किसी समय सीमा की पाबंदी के ऑक्सीजन परिवहन में शामिल वाहनों के आने-जाने की आजादी होनी चाहिए और उन्हें बिना किसी रोक-टोक के शहरों के बीच आवाजाही करने दी जाए.
केजरीवाल ने कोविड-19 मरीजों के उपचार के लिए दिल्ली को ऑक्सीजन का कोटा बढ़ाने को लेकर केंद्र और उच्च न्यायालय के प्रयासों की सराहना की और कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में आपूर्ति पहुंचने लगी है.
क्यों अमेरिका ने खास मैटेरियल को लेकर घरेलू मांग को प्राथमिकता दी- जो अमेरिका में बने हैं या जिसकी पैरेंट फर्म वहां की है और यह भारत के लिए उपलब्ध नहीं.
नगर निगमों के आंकड़ों के अनुसार दिल्ली में 20 अप्रैल तक 15,161 मौतें दर्ज की जा चुकी हैं. लेकिन सरकार ने ये संख्या 12,638 बताई है- मौतों में 2,523 का अंतर है.
नासिक के कलेक्टर सूरज मानधरे ने बताया इस हादसे में 22 मरीज़ों की मौत हुई है.ये सभी मरीज वेंटिलेटर पर थे जिनकी ऑक्सीजन सप्लाई रुकने से मौत हो गई है. स्वास्थ्य मंत्री ने कहा इस मामले की जांच की जा रही है.
सरकार के कोविन पोर्टल पर उपलब्ध डेटा के मुताबिक कोविड-19 के कुल 12,76,05,870 टीकों में से 11,60,65,107 टीके कोविशील्ड के हैं जबकि 1,15,40,763 टीके कोवैक्सीन के हैं.
एक पक्ष सोचता है कि आज भारत अपनी हैसियत से ज्यादा आगे बढ़कर कदम उठा रहा है, जबकि दूसरा पक्ष सोचता है कि मोदी ने भारत की हैसियत कमजोर कर दी है और भारत अपनी हैसियत से कम कदम उठा रहा है. सच यह है कि दोनों ही गलत हैं.