मुखपत्र के संपादक और माकपा के पूर्व महासचिव प्रकाश करात इस संपादकीय में विजयन को ‘सुप्रीम लीडर’ (सर्वोच्च नेता) या ‘स्ट्रांग मैन’ (सशक्त व्यक्ति) कहे जाने पर आपत्ति जताते हुए प्रतीत होते हैं.
पार्टी प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने यह भी कहा कि सरकार को सेंट्रल विस्टा परियोजना समेत सभी फिजूल खर्चों को बंद कर कोरोना महामारी से निपटने पर ध्यान देना चाहिए तथा विदेशी सहायता के वितरण में पारदर्शिता सुनिश्चित करनी चाहिए.
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि जो लोग भी चुनाव बाद हिंसा में मारे गए हैं उन सभी के परिजनों को बिना किसी भेदभाव के 2-2 लाख रुपये का मुआवजा दिया जाएगा.
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इन आरोपों का खंडन किया था और कहा कि हिंसा और टकराव उन क्षेत्रों में हो रहा है जहां भाजपा के उम्मीदवारों ने चुनाव में जीत दर्ज की है.
इस बीच बीजेपी के देवेंद्र फड़णवीस ने, आरोप लगाया कि MVA सरकार ने जिस तरह राज्य का पक्ष रखा, उसमें तालमेल की कमी थी. वो चाहते हैं कि जजों की एक कमेटी बनाई जाए, जो इन ख़ामियों को समझकर एक रिपोर्ट तैयार करे.
बंगाल में जहां आईएसएफ और एआईएमआईएम नाकाम रहे, असम में एआईयूडीएफ-कांग्रेस गठबंधन भाजपा को फिर सत्ता में आने से नहीं रोक पाया. केरल में आईयूएमएल के प्रदर्शन में भी कमी आई है.
संविधान की धारा 164(4) के अंतर्गत, एक अनिर्वाचित सदस्य सीएम का पद संभाल सकता है, लेकिन अपना पद बनाए रखने के लिए, छह महीने के भीतर, उसे या तो कोई उप-चुनाव जीतना होगा, या विधान परिषद में चुनकर आना होगा.
एक सुप्रीम AI काउंसिल होनी चाहिए जो सबसे ऊपर काम करे. इसकी अध्यक्षता प्रधानमंत्री को करनी चाहिए, जिनके पास असली अधिकार, पूरा प्रतिनिधित्व और काम करने का अधिकार हो.