मत-विमत

राज्य चुनावों की तुलना में संसदीय चुनाव में भाजपा बे​हतर स्थिति में है

मध्य प्रदेश और राजस्थान में कांग्रेस के पक्ष में स्विंग का मतलब यह नहीं है कि मई में संसदीय चुनावों के समय भी इन राज्यों में ऐसा ही होगा.

शिवराज के मध्य प्रदेश में उत्पादन में इजाफे के साथ-साथ किसानों का गुस्सा भी बढ़ा है

एक दशक से भारत के सबसे अधिक कृषि विकास दर करने वाले राज्य के मुख्यमंत्री शिवराज चौहान को आराम से बैठा होना चाहिए था. लेकिन वे संघर्ष कर रहें हैं क्योंकि हमारी कृषि अर्थव्यवस्था और राजनीति में खोट है.

दुश्मन नए हथियार के साथ सामने खड़ा है, भारतीय सेना को जागने की ज़रूरत है

जैश-ए-मोहम्मद के दो स्नाइपर जोड़े घाटी में घुस आए हैं. जबकि हम अपने स्नाइपर निशानेबाज़ों में ज़रूरी कुशलता विकसित नहीं कर पाए हैं.

दीपिका पादुकोण ने अपने ठहाके से सामाजिक बेड़ियां तोड़ दीं

अपनी शादी पर ठहाके लगाती हुई फोटो साझा कर दीपिका पादुकोण ने सदियों पुराने रोती हुई दुल्हन वाले रिवाज़ को चकनाचूर कर दिया है.

धर्मनिरपेक्ष राजनीति अपने ही पापों का ख़ामियाज़ा भुगत रही है

सेक्युलर होने से ही भारत का होना है, लेकिन सेक्युलर सिद्धांतों को बचाने के लिए ज़रूरी है कि हम सेक्युलर राजनीति के पाखंडों का पर्दाफ़ाश करें.
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लालू यादव ने वंचित जनता को स्वर्ग नहीं, लेकिन स्वर ज़रूर दिया

लालू यादव के सत्ता में आने से वंचित जातियों में ये एहसास आया कि उनके बीच का या उनके प्रति हमदर्दी रखने वाला कोई ऊपर बैठा है.

मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव: मोदी जी को गुस्सा क्यों आता है?

राज्य विधानसभा चुनावों में नरेंद्र मोदी का प्रचार आशा की बजाय अस्वाभाविक गुस्से पर केंद्रित होता दिख रहा है.

मोदी से क्या गुर सीख सकते हैं मामाजी, महारानी और चावल वाले बाबा?

भाजपा के मुख्यमंत्रियों वसुंधरा राजे, शिवराज सिंह चौहान और रमन सिंह से नरेंद्र मोदी एक क्षेत्र में आगे हैं.
yogi adityanath PTI

शहरों के नाम बदलने को लेकर कैसे नेहरू और योगी के विचार अलग अलग हैं

मायावती दलित नायकों के नाम पर ज़िलों के नाम रखती हैं जो कि इससे बिलकुल अलग नहीं है जो आदित्यनाथ फैज़ाबाद और अय़ोध्या में करते हैं.
News on savarkar

सावरकर ब्रिटेन के पिट्ठू थे या एक रणनीतिक राष्ट्रवादी? राय बनाने से पहले इसे पढ़ें

विनायक दामोदर सावरकर की याचिकाओं की कुछ पंक्तियों को बिना पूर्णता में देखे या बिना संदर्भ के उद्धृत करना बौद्धिक बेईमानी है.

मत-विमत

news on politics

सामाजिक न्याय की राजनीति के लिए कठिन, लेकिन संभावनापूर्ण समय है

मौजूदा लोकसभा चुनाव में उन राजनीतिक दलों को गहरा धक्का लगा है, जो खासकर उत्तर भारत में वंचित समूहों का नेतृत्व करने का दावा करते थे. आखिर क्यों फंस गई है सामाजिक न्याय की राजनीति?

राजनीति

देश

2019 आम चुनाव नतीजे: मतदाताओं को पति-पत्नी का ‘साथ’ पसंद नहीं

बिहार से इस लोकसभा चुनाव में दो दंपति ने संसद पहुंचने की कोशिश की. लेकिन मतदाताओं ने न सिर्फ 'सजनी' को नकार दिया, बल्कि उनको 'सैंया' भी पसंद नहीं आए.

लास्ट लाफ

लास्ट लाफ: मोदी लहर में उड़ गया विपक्ष, भाजपा 300 के पार

चयनित कार्टून पहले अन्य प्रकाशनों में प्रकाशित किए जा चुके हैं. जैसे- दिप्रिंट, ऑनलाइन या सोशल मीडिया पर और इन्हें उचित श्रेय भी मिला है.