समस्या यह थी कि बड़ी संख्या में जम्मू पहुंचे कार्यकर्ताओं को श्रीनगर जाने से कैसे रोका जाए व बिना श्रीनगर गए नाराज़ कार्यकर्ताओं को वापिस घर कैसे भेजा जाए
नोटबंदी और कृषि उत्पादों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य की वजह से वित्त का महत्व बढ़ जाता है, 7.75 प्रतिशत की विकास दर पाने की सोच कई बार कुछ ज्यादा ही हो जाती है
यह समझने के लिए कि 1971 को भारत की संसदीय सीटों का आधार क्यों बनाया गया, 1960 के दशक के उस माल्थसवादी डर को फिर से देखना होगा, जो विकास से जुड़ी सोच पर हावी था.