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Sunday, 22 March, 2026
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कांग्रेस मरणासन्न है. ये उसकी जगह ले सकता है

इसके लिए 130 करोड़ लोगों में से सिर्फ एक शख्स की ज़रूरत है.

राजनीतिक दलों की ज़रूरत से ज़्यादा अपनी ज़रूरतों को समझने लगी है छत्तीसगढ़ की जनता

मतदाता लोकतंत्र के अलग-अलग प्लेटफार्म पर अलग-अलग जनादेश देता है. इससे मतदाता की परिपक्वता झलकती है.

‘मैं शाहरुख खान के रोल में हूं-मोदी ने मुझे देवदास बना दिया’

नरेंद्र मोदी जीते हैं भाजपा नहीं... वो आदमी एकबार फिर खेल के मैदान में आ गया है..

2019 चुनाव का संदेश, राहुल गांधी को ख़ारिज किया पूरे देश ने

17वीं लोकसभा चुनाव के नतीजों के बाद देखा जाए तो अब कांग्रेस को गांधी परिवार के नेतृत्व से मुक्ति पा ही लेनी चाहिए. इसी में उसका भला है.

नेशनल कांफ्रेंस ने ले लिया 2014 चुनाव की हार का बदला

2014 में पीडीपी ने घाटी की तीनों सीटों पर नेशनल कांफ्रेस को हराया था. यहां तक कि पार्टी प्रधान डॉ फ़ारूक अब्दुल्ला भी पीडीपी आंधी में हार गए थे,

​बहुत कुछ कहता है 2019 लोकसभा चुनाव का यह जनादेश

यकीनन यह मोदी का करिश्मा ही है कि जो विश्लेषक उनका मजाक उड़ाते हुए इस चुनाव में उनकी सरकार के पक्ष में अंडरकरेंट अथवा प्रो-इन्कम्बैंसी है, अब उनके निष्कर्षों का मजाक उड़ रहा है.

क्यों बन्द होने चाहिए ओपिनियन और एग्ज़िट पोल?

इन चुनावी सर्वेक्षणों की वजह से मतदाताओं की चुनने की स्वतंत्रता प्रभावित होती है. ये साफ-सुथरे चुनाव में बाधक हैं. इन पर पाबंदी लगाने के लिए चुनाव आयोग की गाइडलाइन में संशोधन किया जाना चाहिए.

एक्ज़िट पोल अक्सर गलत होते हैं, लेकिन इसके लिए मौन मतदाताओं को दोषी न ठहराएं

लोकसभा चुनावों में, विभिन्न प्रकार के मौन वोट अक्सर एक दूसरे के प्रभाव को खारिज कर देते हैं और शुद्ध परिणाम चुनाव पूर्वानुमान के करीब होते हैं.

जब तक लोकसभा चुनाव प्रक्रिया का समय कम नहीं किया जाता, भाजपा जैसी पार्टियां जीतती रहेंगी

कुछ दलों को मिल रहे अनुचित फायदे को रोकने के लिए चुनाव आयोग को एक दिन में या यथासंभव न्यूनतम अवधि में चुनाव संपन्न कराने का लक्ष्य निर्धारित करना होगा.

यूपी-बिहार अब खारिज कर रहे जाति की सियासत

लगभग सभी खबरिया चैनलों ने जिस तरह के नतीजे देश को बताए हैं, उससे स्पष्ट है कि देश जाति पर आधारित राजनीति से त्रस्त हो चुका है.

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‘विश्वगुरु’ बनने का हमारा-आपका भ्रम, दुनिया को देखने की समझ बिगाड़ रहा है

एक पक्ष सोचता है कि आज भारत अपनी हैसियत से ज्यादा आगे बढ़कर कदम उठा रहा है, जबकि दूसरा पक्ष सोचता है कि मोदी ने भारत की हैसियत कमजोर कर दी है और भारत अपनी हैसियत से कम कदम उठा रहा है. सच यह है कि दोनों ही गलत हैं.

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जम्मू, 21 मार्च (भाषा) जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शनिवार को मत्स्य पालन विकास परियोजना के क्रियान्वयन के लिए 111.66 करोड़ रुपये के...

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