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Sunday, 22 March, 2026
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कांशीराम 6,000 जातियों को जोड़ना चाहते थे, मायावती तीन जातियों को

मायावती को उम्मीद थी कि 2019 में अगर जाटव, यादव और कैंडिडेट की अपनी जाति इकट्ठा हो जाए और उसमें मुस्लिम वोटर जुट जाए, तो उनके उम्मीदवार जीत जाएंगे. ऐसा न होना था, न हुआ

नरेंद्र मोदी को रोकने का जिम्मा दलितों पर ही क्यों?

बीजेपी को सबसे ज्यादा समर्थन तो सवर्णों का मिला है. अगर बीजेपी को वोट देना किसी की नजर में कोई गलत बात है तो ये काम तो सबसे ज्यादा सवर्णों ने किया है.

क्या भारत की तुलना में पाकिस्तान रॉ एजेंटो को बेहतर पहचानता है

पाकिस्तान में सरकार से असहमत लोग विपरीत राय रखने वाले नहीं, बल्कि विदेशी एजेंट हैं.

महिलाओं को झांसे में रखकर विधानसभा की सीढ़ियां चढ़ने में जुटे अरविंद केजरीवाल

केजरीवाल को लगता है कि वे मेट्रो और डीटीसी बसों में मुफ्त यात्रा का औरतों को झुनझुना पकड़ा कर आगामी दिल्ली विधान सभा का चुनाव जीते लेंगे.

उत्तर प्रदेश की रिजर्व सीटों पर कैसा रहा मुक़ाबला

अगर इन आरक्षित सीटों पर चुनाव परिणाम देखा जाए तो भाजपा ने 14, बसपा ने 02, और अपना दल ने 01 सीट पर जीत हासिल की है.

अखिलेश यादव विजेता हैं, क्योंकि सपा के लोहिया को आंबेडकर मिल गए

अखिलेश यादव ने बसपा से गठबंधन करके दलितों के लिए अपनी पार्टी का वह दरवाजा खोला है, जिसे मुलायम और मायावती के बीच की कटुता ने पूरी तरह बंद कर दिया था.  

मोदी सरकार ने पहले कार्यकाल में नौकरियों के संकट का समाधान नहीं किया

भारत को एक राष्ट्रीय रोजगार कार्यनीति की दरकार है, जिसके तहत मंत्रालयों को लक्ष्यों को हासिल करने के संबंध में पीएमओ को अपनी वार्षिक कार्ययोजनाएं सौंपनी होगी.

राष्ट्रीय शिक्षा नीति की मंशा हिंदी थोपने की नहीं है, सरकार को इससे पीछे हाथ नहीं हटाना चाहिए

नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति का मसौदा लोगों पर हिंदी लादने का कोई षड़यंत्र नहीं बल्कि भाषा और शिक्षा के संबंधों पर नीति तैयार करने की दिशा में आगे की तरफ उठाया गया एक कदम है.

बबुई तुलसी के बीजों के बिना अधूरी है कश्मीर में रमजान की इफ़्तारी

रमजान के पवित्र महीने के दौरान रोज़ा रखने वाले व्यक्ति में पानी की कमी को पूरा करने के लिए भी ‘बब्बरी-ब्योल’ (बबुई तुलसी) का इस्तेमाल किया जाता है. इसके सेवन से प्यास को रोकने में मदद मिलती है.

भारत के बुनियादी विचार के खिलाफ है नागरिकता संशोधन विधेयक

ये विधेयक भारत में बाहर से आकर बसे हुए लोगों को, धार्मिक आधार पर विभेद करते हुए, नागरिकता प्रदान करने की बात करता है. इस दृष्टि से ये विधेयक संविधान निर्माताओं की भावना के खिलाफ है.

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चाय श्रमिकों के लिए टीएमसी के 300 रुपये दिहाड़ी के वादे पर उद्योग जगत की सतर्क प्रतिक्रिया

(बिशेश्वर मालाकार) कोलकाता, 22 मार्च (भाषा) अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के चाय बागान श्रमिकों की न्यूनतम दैनिक मजदूरी बढ़ाकर 300 रुपये करने के...

लास्ट लाफ

सुप्रीम कोर्ट का सही फैसला और बिलकिस बानो की जीत

दिप्रिंट के संपादकों द्वारा चुने गए दिन के सर्वश्रेष्ठ कार्टून.