मुझे उम्मीद है कि ईरान में भारतीय छात्र सुरक्षित घर लौट आएंगे. उन्होंने घर और विदेश में बहुत दुख झेला है. लेकिन एक ऐसा कल्चर जो 2026 में सिर्फ़ दो प्रोफेशन को ही स्वीकार करता है, वह इससे कुछ नहीं सीखेगा. अगली निकासी में मिलते हैं.
बीजेपी-संघ परिवार की बंगाल विरोधी सोच का सबसे साफ उदाहरण उसके नेताओं द्वारा ममता बनर्जी के खिलाफ इस्तेमाल की गई बेहद पितृसत्तात्मक और महिला-विरोधी भाषा है.
बड़ा सवाल यह है कि नितिन नबीन RSS के साथ कितनी सक्रियता से जुड़ेंगे. संघ को उनका नाम एक तय फैसले के तौर पर बताया गया—पुष्टि के लिए नहीं, सिर्फ जानकारी के लिए.
भारत के लिए असली अहमियत यह समझने में है कि वे सैन्य क्षमताएं और संयुक्त युद्ध की रणनीतियां क्या थीं, जिनकी वजह से ‘ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिज़ॉल्व’ संभव हो सका.
इटैलियन आर्कियोलॉजिस्ट लॉरा गिउलियानो की क्यूरेशन भारत, पाकिस्तान, चीन, अफगानिस्तान, ईरान और इटली के आपस में जुड़े इतिहास को एक साथ लाती है, ऐसे समय में जब इस ज्ञान को जानबूझकर भुलाया जा रहा है.
पाकिस्तान अधिकतर मामलों में भारत की बराबरी करे यह न केवल नामुमकिन है, बल्कि वह और पिछड़ता ही जाएगा. उसके नेता अपनी अवाम को अलग-अलग बोतल में सांप का तेल पेश करते रहेंगे.