संगठन और समाज में परिवर्तन भारतीय सेना में सुधार ला सकता है लेकिन सरकारी व्यवस्था में कर्मचारियों से घरेलू काम करवाने के चलन पर रोक लगाना अब तक मुश्किल ही लगता रहा है
क्या eRUPI पिगीबैक बड़े 'डिजिटल स्टैक' के एक महत्वपूर्ण हिस्से के रूप में हो सकता है? आरबीआई का कॉन्सेप्ट नोट एक दिशा देता है, लेकिन कुछ चिंताएं हैं जिनका समाधान किया जाना चाहिए.
विदेश नीति में शायद कामयाबियों के मुकाबले नाकामियों का अध्ययन ज्यादा अहम होता है, क्योंकि नतीजे काफी बड़े होते हैं. इसलिए 1962 के युद्ध के कई सबक हैं, जो आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं, जितने तब थे.
अमेठी देश-प्रदेश के दूसरे क्षेत्रों के सौतियाडाह की शिकार हुआ करती थी, भाजपा की डबल इंजन सरकारों के दौर में अयोध्या भी अब वैसे ही सौतियाडाह से पीड़ित है.
मोदी के ऊपर देश चलाने की जिम्मेदारी है. उन्हें भाजपा के लिए वोट भी जीतने हैं. और अब उनसे उम्मीद की जा रही है कि वे आंतरिक कलह से परेशान अपने कुनबे को एकजुट भी रखें.
1950 के बाद से ही दोनों कोरिया पर परमाणु हथियारों का साया मंडराता रहा है लेकिन एक-दूसरे के विनाश की बर्बर आशंका ने अमन बनाए रखा है. एक कहानी हमें यही बताती है कि विचारधारा से ग्रस्त दिमाग तार्किकता पर अपनी पकड़ कैसे गंवा देता है.
सभी कॉलेज, छात्रों को आकर्षित करने के लिए प्रोफेसर ऑफ प्रैक्टिस योजना के माध्यम से लोकप्रिय नामों को जोड़ने का प्रयास करेंगे, ऐसे नाम जो भले ही शिक्षण के लिए समर्थ ना हो लेकिन भीड़ जुटाने के लिए सक्षम हों.
जनगणना से मिलने वाले मूलभूत सामाजिक-आर्थिक आंकड़ों की कमी से सांख्यिकीय व्यवस्था और नीति विश्लेषण कुप्रभावित होती है; ऐसे में सीएमआईई, प्रथम, क्रिसिल, स्काईमेट, जैसे दूसरे कई संगठनों ने प्रमुखता हासिल की है.
पाकिस्तान हम पर 'ईरान जैसा' हमला करने के लिए बेताब होगा, और चीन हमें 'असममित विस्तार' का मौका दिए बिना ही एक हवाई अभियान को अंजाम देने की योजना बना रहा होगा. भारत के पास खुद को बदलने के अलावा कोई और विकल्प नहीं है.