इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के बीच मैच के दौरान सोनी लिव पर प्रसारित 15 सेकंड के दो विज्ञापनों की ट्विटर पर काफी आलोचना की गई. इन विज्ञापनों को 'महिलाओं के प्रति अपमानजनक' और 'रेप कल्चर को बढ़ावा देने' वाला बताया गया.
प्रवर्तन निदेशालय ने स्पेशल कोर्ट के उस आदेश को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट का रुख किया था जिसमें सत्येन्द्र जैन को पूछताछ के दौरान वकील रखने की इजाज़त दी गई थी.
अगर सरकार टैक्सपेयर्स का पैसा देश को बेहतर बनाने में खर्च करना चाहती है, तो ज्यादा अदालतें बनाए, टूटती हुई नौकरशाही को सुधारे, लेकिन, ज़ाहिर है, नेता सिर्फ अपने बारे में सोचेंगे.