1 अप्रैल तक पंजाब में 23,832 सक्रिय मामले दर्ज किए गए और 6,868 मौतें हुईं. इन मामलों में मृत्यु दर 2.94 प्रतिशत था, जो राष्ट्रीय औसत 1.35 प्रतिशत से काफी अधिक है.
बढ़ते कोविड के मामलों को देखते हुए एक ओर जहां केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव 11 राज्यों के प्रतिनिधियों के साथ जहां बैठक कर रहे हैं वहीं महाराष्ट्र और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी आज आपात बैठक बुलाई है.
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार, दुर्ग, राजनांदगांव और रायपुर, जो कि महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश की सीमा से लगे हैं, इन्हीं तीनों जिलों में 15,029 मामले हैं - जो कुल सक्रिय मामलों के लगभग 70 प्रतिशत हैं.
ज़ायडस कैडिला ने शीशियों में क्रिस्टलीकरण, यानी दाने बनने की शिकायतों के चलते, हर्पीज़ संक्रमण के इलाज में दिए जाने वाले इंजेक्शन, और एलेम्बिक फार्मास्यूटिकल्स ने लेबलिंग की ग़लती के चलते, हाई बीपी की अपनी दवा वापस मंगा ली है.
छत्तीसगढ़ सरकार का कहना है कि इन गांवों में फैली क्रोनिक किडनी डिसीज़ (सीकेडी) के कारणों का पता लगाने का निरंतर प्रयास जारी है लेकिन इसका कोई एक कारण अब तक सामने नहीं आया है.
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि भारत में 6 करोड़ से अधिक टीकाकरण किया जा चुका है. पिछले एक दिन में महाराष्ट्र में संक्रमण के 40,414 नए मामले सामने आए जो कि सबसे ज्यादा थे.
अगर सरकार टैक्सपेयर्स का पैसा देश को बेहतर बनाने में खर्च करना चाहती है, तो ज्यादा अदालतें बनाए, टूटती हुई नौकरशाही को सुधारे, लेकिन, ज़ाहिर है, नेता सिर्फ अपने बारे में सोचेंगे.