राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा, हमारी विरासत हमें जड़ों से जोड़ती है और हमारा विकास आसमान को छूने का हौसला देता है. इसलिए मेरी सरकार ने विरासत को मजबूती देने और विकास को प्राथमिकता देने की राह चुनी है.
पीएम मोदी ने कहा, अस्थिर वैश्विक आर्थिक स्थिति के बीच, भारत का बजट आम नागरिकों की आशाओं और आकांक्षाओं को पूरा करने का प्रयास करेगा, मुझे दृढ़ विश्वास है कि निर्मला सीतारमण उन आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए सभी प्रयास करेंगी.
मुद्रा कोष में अनुसंधान विभाग के निदेशक एवं मुख्य अर्थशास्त्री पियरे ओलिवर गोरिंचेस ने कहा, ‘‘वृद्धि के हमारे अनुमान वास्तव में भारत के लिए तो अक्टूबर के परिदृश्य की तुलना में अपरिवर्तित ही हैं.
केशव राव और संजय सिंह ने स्पष्ट किया कि वे और उनकी पार्टियां राष्ट्रपति और राष्ट्रपति के पद का सम्मान करती हैं, लेकिन केंद्र में बीजेपी के नेतृत्व वाली राजग सरकार के विरोध में अभिभाषण का बहिष्कार कर रही है.
बजट दरअसल सरकार के एक साल का हिसाब- किताब है. बजट से पहले सरकार अपनी कमाई का पता लगाती है और फिर कहां कितना खर्च करना है इसके बारे में बजट में बताती है.
विशेषज्ञों का मानना है कि यद्यपि मौजूदा समय में 14 सेक्टरों में लागू पीएलआई स्कीम लाभकारी रही हैं, प्रशासनिक अक्षमताओं, अनुपालन बोझ को घटाने से उद्योगों को और मदद मिलेगी.
कई प्रोजेक्ट में धीमी प्रगति के बावजूद विशेषज्ञ आशावादी हैं. उनका कहना है कि भारत ने बुनियादी ढांचे के मामले में महज न्यूनतम जरूरतों को पूरा करने के बजाये भविष्य को ध्यान रखकर और नेक्स्ट लेवल के इंफ्रास्ट्रक्चर पर फोकस करना शुरू किया है, जिसमें समय लगता ही है.
इस बार यानी 2023-24 का बजट लोक सभा चुनाव के पहले का पूर्ण बजट होगा. ज़ाहिर है कि मोदी सरकार चाहेगी कि कई सारी ऐसी घोषणाएं इसमें हों जो लोक लुभावन ही नहीं, वोट खींचने वाली हों.
जल शक्ति मंत्रालय के तहत पेयजल और स्वच्छता विभाग (डीडीडब्ल्यूएस) 2022-23 के बजट में योजना के लिए आवंटित 60,000 करोड़ रुपये में से लगभग 60 प्रतिशत खर्च कर चुका है.
चीन को छोड़ कोई भी देश ट्रंप के साथ बराबरी की हैसियत से बात नहीं कर सकता. इसलिए, जो ‘मिडल पावर’ देश इन बहुपक्षीय संगठनों के मूल आधार थे वे आज बेसहारा महसूस कर रहे हैं.