पिछली बार जब पाकिस्तान में विपक्ष की अगुवाई वाली प्रांतीय सरकार को बर्खास्त किया गया था, तो बलूच विद्रोह तेजी से फैल गया था. विद्रोह का वह दौर चार साल तक चला था.
सौरभ राजपूत की मार्च 2025 में हत्या की गई थी. अभियोजन पक्ष के मुताबिक, मुस्कान रस्तोगी और उसके साथी साहिल शुक्ला ने कथित तौर पर सौरभ के शरीर के टुकड़े किए और अवशेषों को नीले ड्रम में डाल दिया था.