पार्टी ने अपने मध्यप्रदेश, हिमाचल प्रदेश, कर्नाटक, गुजरात, झारखंड,आंध्रप्रदेश और गोवा के उम्मीदवारों की सूची जारी की.अभी तक 289 उम्मीदवारों के नामों का एलान कर चुकी है.
महागठबंधन जब एक साथ आया तो यूपी के उपचुनावों में बीजेपी को सीएम योगी आदित्यनाथ और डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य से लेकर कैराना जैसी सीटें तक हारनी पड़ी.
कांग्रेस ने कथित रूप से आरोप लगाया कि कारवां मैगज़ीन की रिपोर्ट के अनुसार येदियुरप्पा ने 1800 करोड़ रूपए की रिश्वत भाजपा के शीर्ष नेताओं को दी है. भाजपा ने इन आरोपों को ख़ारिज किया है.
दिप्रिंट ने भाजपा शासन वाले राज्यों के सारे मंत्रियों – कैबिनेट और राज्यमंत्री दोनों ही – का विस्तृत विश्लेषण किया तो उनमें से 29 प्रतिशत गैर-भाजपाई पाए गए.
बीजेपी के मुख्यमंत्रियों में क्या गलत हो गया है? कई मुख्यमंत्रियों की ढीली-ढाली सरकार इस सोच से निकलती है कि चुनावी जीत तीन ‘एम’ की वजह से मिली—मोदी, बहुसंख्यकवाद और पैसा.