ऐसा पहली बार नहीं हो रहा है जब भाजपा किसी राज्य की सरकार को गिराने की कोशिश कर रही हो. बीते कुछ सालों के इतिहास को उठाकर देखें तो ऐसा कई बार हो चुका है.
मध्यप्रदेश के भाजपा नेता नरेंद्र सिंह तोमर,प्रभात झा,जयभान सिंह पवैया और नरोत्तम मिश्रा कई बार सिंधिया पर हमला बोलते हुए नजर आए है. अब इन सभी के साथ सिंधिया को भी तालमेल बैठाना है.
दिल्ली हिंसा पर आज लोकसभा में चर्चा के दौरान कांग्रेस काल में हुए दंगों से लेकर गुजरात दंगों को खूब याद किया गया. शेरों शायरी का दौर भी चला. पढ़िए किसने क्या कहा
दिल्ली हिंसा पर सदन में चर्चा के दौरान गृहमंत्री अमित शाह ने कहा, '27 तारीख़ से अब तक 700 एफ़आईआर दर्ज की गई है और कुल 2647 लोग गिरफ्तार किए गए हैं. सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है.
चार बार सांसद चुने गए ज्योतिरादित्य सिंधिया पिता माधवराव की मौत के बाद कांग्रेस में शामिल हुए थे और उन्होंने 18 वर्षों तक पार्टी का साथ दिया. वह दोनों ही यूपीए सरकारों में मंत्री रहे.
सिंधिया ने कहा, 'मेरे जीवन में दो तारीखें महत्वपूर्ण रही हैं. एक जब मैंने अपने पिता को खोया था और दूसरी कल जब मैंने नया रास्ता चुनने का फैसला लिया. कांग्रेस अब वो पार्टी नहीं रह गई है जो वो पहले थी.'
पाकिस्तान हम पर 'ईरान जैसा' हमला करने के लिए बेताब होगा, और चीन हमें 'असममित विस्तार' का मौका दिए बिना ही एक हवाई अभियान को अंजाम देने की योजना बना रहा होगा. भारत के पास खुद को बदलने के अलावा कोई और विकल्प नहीं है.