प्रदेश चुनावों में चार जानी-मानी हस्तियों के नाती-पोते चुनाव मैदान में हैं. ये हस्तियां हैं- पूर्व मुख्यमंत्री प्रताप सिंह कैरों और बेअंत सिंह, लोकसभा स्पीकर बलराम जाखड़ और अकाली नेता गुरचरण तोहरा.
इससे पहले दिन में, कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा कि ‘हिंदुत्ववादियों’ को लगता है कि गांधी जी नहीं रहे, लेकिन जहां सत्य है, वहां वह अब भी जीवित हैं.
राउत ने कहा कि ठाकरे ने भाजपा के पाखंड, हिंदुत्व पर दोहरे मानदंड को लेकर उस पर प्रहार किया था तथा यह जिक्र किया कि भाजपा के साथ गठजोड़ में शिवसेना को किस कदर नुकसान हुआ.
पिछले साल कुछ अंतरराष्ट्रीय मीडिया समूहों के एक संगठन ने दावा किया था कि कई भारतीय नेताओं, मंत्रियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, कारोबारियों और पत्रकारों के खिलाफ पेगासस का कथित तौर पर इस्तेमाल किया गया है.
योगी आदित्यनाथ ने कहा, 'मुरादाबाद के इनके कैंडीडेट को देखिए, उनमें से एक ने कहा कि अफगानिस्तान में तालिबान को देख के खुशी हुई. तालिबान का मतलब है मानवता का दुश्मन और आप बेशर्मी से इसका समर्थन कर रहे हैं और सपा इनको टिकट दे रही है.'
शाह ने किसानों से वादा किया कि भाजपा अपने घोषणा पत्र में लाने वाली है कि अगर गन्ने के भुगतान में देरी हुई तो किसानों को सूद समेत पैसा मिलेगा और यह मिल मालिकों से वसूला जाएगा.
क्या किसी ने सच में यह जांचा कि चर्च जाने के बावजूद उन्होंने हिंदू रीति-रिवाज़ बनाए रखे थे या नहीं? यह पता नहीं है, क्योंकि इसके लिए किसी व्यक्ति की निजी ज़िंदगी में और गहरी जांच करनी पड़ती, और कोई भी राज्य इतने लोगों की निजी ज़िंदगी में इतना अंदर तक नहीं जा सकता.