पवार महाराष्ट्र की राजनीति के चाणक्य माने जाते हैं. जब केंद्र की राजनीति में थे तब उन्होंने चंद्रगुप्त बनने की कोशिश की मगर दूसरे चाणक्य नरसिंहा राव ने उनकी दाल नहीं गलने दी.
अंग्रेजों के समय में जाति और समुदायों के नाम पर बनी तमाम रेजिमेंट भारतीय सेना में अभी भी मौजूद हैं. लेकिन चमार रेजिमेंट को भंग कर दिया गया था. राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने भी चमार रेजिमेंट को बहाल करने की मांग की है.
मुंबई, नौ अप्रैल (भाषा) स्टैंडअप कॉमेडियन कुणाल कामरा बृहस्पतिवार को महाराष्ट्र विधानमंडल की एक समिति के समक्ष पेश हुए और कहा कि उन्हें उपमुख्यमंत्री...