scorecardresearch
Wednesday, 11 March, 2026
होममत-विमत

मत-विमत

मोदी की जीत ने गुजरात दंगों पर झूठी अफवाह को खत्म कर दिया है, BBC को अपनी विश्वसनीयता की परवाह करनी चाहिए

'इंडिया: द मोदी क्वेश्चन' डॉक्यूमेंट्री जवाब से ज्यादा सवाल उठाती है. इसके कंटेट, मंशा और टाइमिंग से पता चलता है कि बीबीसी एक ऐसे रास्ते पर तेजी से चल रही है जिस पर फरिश्ते भी चलने से डरेंगे.

मोदी के उपदेश से लेकर ‘पठान’ और ‘भारत जोड़ो यात्रा’ तक, मुस्लिमों के मेनस्ट्रीम में वापसी के संकेत

हिंदुत्ववाद के अधिकतर लक्ष्य हासिल कर लिए गए हैं. अब मोदी और उनकी पार्टी को 2024 की गर्मियों तक तो समाज में अमन-चैन चाहिए ही. इसलिए मुसलमानों की ओर हाथ बढ़ाने की बातें हो रही हैं.

सशस्त्र बलों में महिलाओं ने नई ऊंचाइयों को छुआ लेकिन असली लड़ाई अभी शुरू हुई है

सटीक शारीरिक, बौद्धिक, मनोवैज्ञानिक और परफॉर्मेंस मानकों और सेवा की शर्तों पर खरा उतरने की जिम्मेदारी महिलाओं पर है.

शाहबाज़ के शांति की गुहार पर पाकिस्तानी सेना को साथ देना चाहिए. यह मोदी की मदद करने के लिए हृदय परिवर्तन है

पाकिस्तान के पीएम शाहबाज़ शरीफ और सेना प्रमुख जनरल सैयद असीम मुनीर के पास आम चुनाव तक का समय है या तो नायक बनने का और या तो इस धारणा को दूर करने का कि वे उन्हें धोखा दे रहे हैं.

हर किसी की नज़र है वित्त मंत्री की तिजोरी पर, कुछ न कुछ सभी को चाहिए

इस बार यानी 2023-24 का बजट लोक सभा चुनाव के पहले का पूर्ण बजट होगा. ज़ाहिर है कि मोदी सरकार चाहेगी कि कई सारी ऐसी घोषणाएं इसमें हों जो लोक लुभावन ही नहीं, वोट खींचने वाली हों.

पठान सिर्फ एक हिंदी फिल्म नहीं है, यह भारत के लिए एक लड़ाई है

दक्षिणपंथी हिंदुत्ववादी के बहिष्कार अभियान के उन्माद को देखते हुए, कई लोगों का मानना था कि शाहरुख खान की पठान रिलीज होने से पहले ही फ्लॉप हो गई थी. हम देख रहे हैं कि वे कितने गलत थे.

पाकिस्तान की भारत के साथ शांति की गुहार उसकी रणनीतिक हताशा को दिखाती है, इससे कोई नतीजा नहीं निकलने वाला

पाकिस्तान की रणनीतिक दिशा बदलने के लिए, भारत को कुछ आश्वासन देना चाहिए. लेकिन भारत की सेना की संरचना कुछ इस तरह से है कि पाकिस्तान के कुछ क्षेत्रों पर कब्जा कर सके

सत्ताएं बदलती हैं, नियति नहीं बदलती’-‘बेस्ट’, ‘फिटेस्ट’ और ‘रिचेस्ट’ के तंत्र में बदल रहा हमारा गणतंत्र

आज देश में कुछ लोगों के पास कई-कई कारखाने हैं और करोड़ों के पास खाने को भी नहीं है-अस्सी करोड लोग मुफ्त के राशन पर गुज़ारा करने को अभिशप्त हैं.

मौलाना आज़ाद से लेकर रोमिला थापर तक- जिन्होंने भारत रत्न और पद्म पुरस्कार लेने से मना किया

इंदिरा गांधी के प्रधान सचिव, पीएन हक्सर पद्म विभूषण पुरस्कार लेने से इनकार करने वाले पहले व्यक्ति थे. उन्होंने कहा कि वे केवल अपना कर्तव्य निभा रहे थे और पुरस्कार स्वीकार करना उनके लिए असुविधाजनक होगा.

न्यूज़ रूम, कंसल्टेंसी- हर जगह धूम मची है लेकिन जरूरी सवाल गायब हैं: क्या बजट अब महत्वपूर्ण रह गया है?

जब जीएसटी को भारत में लागू किया गया था, तो सरकार के कर राजस्व के 45-50 प्रतिशत से संबंधित प्रस्तावों को बजट से बाहर कर जीएसटी परिषद के अधीन रखा गया था.

मत-विमत

वीडियो

राजनीति

देश

पश्चिमी एशिया में स्थिति के मद्देनजर विमानन कंपनियां परिचालन संबंधी व्यवस्थाएं कर रही हैं : मंत्रालय

मुंबई, 10 मार्च (भाषा) नागर विमानन मंत्रालय ने मंगलवार को कहा कि पश्चिम एशिया में बदलते घटनाक्रम और भारत व इस क्षेत्र के बीच...

लास्ट लाफ

सुप्रीम कोर्ट का सही फैसला और बिलकिस बानो की जीत

दिप्रिंट के संपादकों द्वारा चुने गए दिन के सर्वश्रेष्ठ कार्टून.