दिल्ली सरकार द्वारा शुरू किए गए डेल्ही फाइट्स कोरोना एप के अनुसार, राजधानी के सभी सरकारी व निजी अस्पतालों में, कुल 5,721 कोविड-19 बिस्तरों में से, केवल 539 या 9.4 प्रतिशत- एक मार्च को भरे हुए थे.
मंत्री ने सोमवार को 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के लोगों तथा अन्य बीमारियों से पीड़ित 45 और उससे अधिक आयु के लोगों से अपील की थी कि वे तत्काल टीका लगवायें.
कोविड-19 टीकाकरण के लिए पंजीकरण और बुकिंग को-विन पोर्टल के जरिये की जा सकती है. लाभार्थियों के लिए कोई भी को-विन ऐप नहीं है. प्ले स्टोर पर उपलब्ध ऐप एडमिनिस्ट्रेटरों के लिए है.
जब वरिष्ठ नागरिकों और कोमोर्बिडिटी के शिकार 45 से 60 वर्ष की उम्र के लोगों को वैक्सीन लगेगी तो टीके लगने के बाद इसके प्रतिकूल असर का संभावित खतरा बढ़ सकता है.
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा का हिंदू-मुस्लिम ध्रुवीकरण चुनाव जीतने की संभावना बढ़ाने के लिए किया गया लगता है, लेकिन एक बड़ा कानूनी सवाल है: क्या इससे उन पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है?