बयान के मुताबिक, ‘हमारी क्षमता का 50 प्रतिशत भारत सरकार के टीकाकरण कार्यक्रम के लिए और बाकी 50 प्रतिशत क्षमता राज्य सरकारों और निजी अस्पतालों के लिए होगी.’
दिल्ली सबसे भीषण कोविड प्रकोप का सामना कर रही है और इस बीच मौतों के प्रतिशत में तेज़ी से वृद्धि दिख रही है, जो कि बढ़ती हुई मृत्यु दर से अधिक है. हालांकि महाराष्ट्र में ये रुझान कम हो रहा है.
लखनऊ के अस्पतालों में बेड की कमी को देखते हुए बड़ी संख्या में मरीज आसपास के जिलों की ओर रुख कर रहे हैं, और ये अस्पताल मरीजों के बोझ के साथ-साथ अपर्याप्त सुविधाओं के कारण भी बदहाल स्थिति में हैं.
भारतीय युवा कांग्रेस प्रमुख श्रीनिवास बीवी, और उनकी टीम सोशल मीडिया पर आ रही मदद की पुकारों का जवाब दे रही है, और उनका दावा है कि उन्होंने, क़रीब 20,000 लोगों को मुफ्त सहायता मुहैया कराई है.
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने राष्ट्रीय राजधानी में सोमवार रात 10 बजे से 26 अप्रैल की सुबह पांच बजे तक छह दिन का लॉकडाउन लगाने की घोषणा की है.
एक पक्ष सोचता है कि आज भारत अपनी हैसियत से ज्यादा आगे बढ़कर कदम उठा रहा है, जबकि दूसरा पक्ष सोचता है कि मोदी ने भारत की हैसियत कमजोर कर दी है और भारत अपनी हैसियत से कम कदम उठा रहा है. सच यह है कि दोनों ही गलत हैं.