जितिन प्रसाद खुद मीडिया के सामने आए और बताया कि वह धौरहरा लोकसभा सीट छोड़कर कहीं नहीं जा रहे हैं. यह उनका सिर्फ चुनाव क्षेत्र ही नहीं, उनका परिवार भी है.
अगर समाजवादी पार्टी के नेताओं के बयानों को देखें तो हर साल- दो साल में कोई ना कोई नेता ये ज़रूर साबित कर देता है कि ये पार्टी महिलाओं को लेकर बिल्कुल संवेदनशील नहीं है.
कहा जा रहा है कि भाजपा में जाने की अफवाहें खुद कुलदीप बिश्वोई द्वारा फैलवाई गईं थीं. गौरतलब है कि कुलदीप अपने बड़े बेटे भव्य बिश्नोई को टिकट दिलाना चाहते हैं.
सीटों के बंटवारे को लेकर लंबे समय से बिहार में महागठबंधन के उम्मीदवारों की घोषणा कर दी गई है. कांग्रेस और राजद की दो महत्वपूर्ण सीटें दरभंगा और पटना साहेब की थी.