नारायण राणे ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत 1970 के दशक में शिवसेना के साथ की थी, 2005 में पार्टी छोड़ दी और अंततः भाजपा में शामिल होने से पहले कुछ समय के लिए कांग्रेस का भी हाथ थामा. उन्हें कभी कोंकण के एक ताकतवर नेता के तौर पर जाना जाता था.
दिल्ली के उपमुख्यमंत्री ने कहा कि इस तरह के घोर लापरवाही के पीछे नरेंद्र मोदी की गैरजिम्मेदारी और उनका ध्यान हमारे देश के लोगों के बजाय पश्चिम बंगाल चुनावों पर था.
पंजाब एआईसीसी चीफ हरीश रावत ने कहा, 'साढ़े चार साल निकल चुके हैं और ये अच्छे थे. लेकिन हमें इस बात पर विचार करना है कि अचानक क्या हुआ कि बड़ी संख्या में विधायक इतने परेशान हैं. हम देखेंगे और इसका समाधान ढूंढेंगे.'
सचिन पायलट ने कहा कि भाजपा ऐसे समय में लोगों से क्या 'आशीर्वाद' मांग रही है जब पेट्रोल और डीजल की कीमतें 100 रुपये के पार हो गई हैं, रसोई गैस सिलेंडर की कीमत 800 रुपये से अधिक हो गई है
कोरोना महामारी को देखते हुए पंचायत चुनाव में मतदाताओं को हैंड ग्लब्स दिए जाएंगे. ग्लब्स पहनकर ही वोटर इवीएम का उपयोग कर सकेंगे यही नहीं मतदान केंद्रों पर सैनिटाइजर और मास्क भी उपलब्ध होंगे.
एमके स्टालिन ने 7 मई को तमिलनाडु CM का पद संभाला था, जब DMK की अगुवाई में उनका गठबंधन राज्य की 234 में से 159 सीटें जीतकर, धमाकेदार तरीक़े से सत्ता में आया था.
दो बार मुख्यमंत्री रहीं वसुंधरा राजे और दिल्ली आलाकमान में बढ़ती दूरियों के बीच ‘टीम राजस्थान’ पर जोर दिया जाना इस बात का संकेत है कि पार्टी आगामी विधानसभा चुनाव के लिए उन्हें अपना चेहरा घोषित करने की अनिच्छुक है.
बीजेपी के मुख्यमंत्रियों में क्या गलत हो गया है? कई मुख्यमंत्रियों की ढीली-ढाली सरकार इस सोच से निकलती है कि चुनावी जीत तीन ‘एम’ की वजह से मिली—मोदी, बहुसंख्यकवाद और पैसा.