अगर आज राहुल गांधी द्वारा चुनाव आयोग पर लगाए गए आरोप बहुत कठोर लगते हैं, तो भी वे लालू प्रसाद द्वारा टीएन शेषन पर लगाए गए आरोपों के सामने फीके पड़ जाते हैं, क्योंकि बिहार शेषन के लिए सबसे बड़ी चुनौती था.
2017 में एसबीएसपी बीजेपी के साथ थी और राजभर मंत्री बने. 2019 लोकसभा चुनाव के बाद उन्होंने योगी कैबिनेट छोड़ दी और 2021 में अखिलेश का साथ लिया, लेकिन वो भी ज़्यादा नहीं चला.
होशियारपुर की पंचायतों ने प्रस्ताव पास कर प्रवासी मज़दूरों को गांव की बाहरी सीमाओं पर बसने को कहा है. पंजाब के कई इलाकों में पंजाबी और ‘प्रवासियों’ के बीच झड़पों की भी खबरें आई हैं.
एक हफ्ते से भी कम समय पहले विज ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर आरोप लगाया था कि अंबाला छावनी में ‘पैरेलल BJP’ चलाने वाले लोगों को ‘ऊपर से आशीर्वाद’ मिल रहा है और इससे भाजपा को नुकसान हो रहा है.
विजयवाड़ा की वाईएसआर यूनिवर्सिटी ऑफ हेल्थ साइंसेज का नाम बदलकर फिर से एनटीआरयूएचएस करने के फैसले को वाईएसआरसीपी, जगन की हेल्थ सेक्टर की योजना में बदलाव मान रही है.
अंबुमणि समर्थकों ने सोमवार को पदाधिकारियों का कार्यकाल बढ़ाने वाला EC का पत्र जारी किया. पिता-पुत्र विवाद के बीच छिड़ा नया घमासान. रामदास गुट ने दावा खारिज किया.
रैली 25 सितंबर को हुड्डा के गढ़ रोहतक में आयोजित की जाएगी. इसे पिछले दशक में लोकसभा और विधानसभा चुनावों में सबसे खराब प्रदर्शन के बाद अपनी प्रासंगिकता फिर से हासिल करने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है.
शराबबंदी हटाना जन सुराज का अकेला वादा नहीं है. बदलाव की तलाश में मतदाताओं के लिए, जो लालू की आरजेडी को विकल्प नहीं मानते, किशोर एक नई उम्मीद हैं — वैसी ही उम्मीद जैसी नीतीश ने अपने शुरुआती सालों में दिखाई थी.