महिला आरक्षण विधेयक को मौजूदा स्वरूप में पारित करने से ओबीसी और माइनॉरिटी के लोग नाराज हो सकते हैं. लेकिन हर हाथ में बताशा रखने की होड़ में राहुल गांधी ये जोखिम उठा रहे हैं.
भारत में सेना सरकार के निर्देशन में काम करती है. इस मामले में भारत की स्थिति पाकिस्तान से अलग है, जहां सेना ही सरकार को संचालित करती है. भारत में फैसले सरकार को ही लेने होंगे.
आर्थिक असमानता बढ़ने की वजह से भारत में राजनीतिक पार्टियों, न्यायालयों, विश्वविद्यालयों, मीडिया समेत तमाम संस्थाओं पर कुछेक परिवारों का कब्जा होता चला जा रहा है. इससे जनता का लोकतंत्र पर भरोसा कम हो रहा है.
पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर के आतंकी शिविरों पर सर्जिकल स्ट्राइक के बाद कांग्रेस ने सेना का सत्कार भी किया और उसी समय स्ट्राइक को लेकर सवाल भी उठाए.
एक स्थिर नेपाल के लिए आगे का रास्ता लोकतांत्रिक संस्थाओं को मजबूत करने, समावेशी संवाद के जरिए राजनीतिक स्थिरता सुनिश्चित करने और कानून के शासन को बनाए रखने में है.