भले ही मैंने उनके साथ उत्तराखंड सरकार में 5 साल से अधिक समय तक काम किया, लेकिन 1973 आईएएस बैच के एसके दास ने कभी भी ज़िक्र नहीं किया कि उन्होंने क्या-क्या किया है.
रक्षा बजट के लिए आवंटन में वृद्धि को शांति तथा विकास के चश्मे से देखा जाना चाहिए और उस खर्च को ऐसे निवेश के रूप में देखा जाना चाहिए जिससे अच्छे लाभ मिलते हैं
‘एसओपी’ ने सिफ़ारिश की है कि इन ‘सेल्फी प्वाइंट’ पर प्रधानमंत्री मोदी की तस्वीर लगाई ‘जा सकती है’. ‘सकती है’ जैसे शब्द का इस्तेमाल विवादास्पद निर्देशों की ज़िम्मेदारी उनका पालन करने वालों पर डालने की पुरानी चाल रही है
अब जब चीन को बड़े दांव वाले युद्ध पर नज़र रखने में व्यस्त किया जा रहा है, यह छोटा पड़ोसी संघर्ष पाकिस्तान को भू-रणनीतिक युद्ध का ज़रूरी सबक सिखा सकता है.