सेना के प्रति ज्यादा से ज्यादा युवाओं को आकर्षित करने, अधिकारियों की रिक्त जगहें भरने और पेंशन का बोझ घटाने के उद्देश्य से तीन वर्षीय स्वैच्छिक भर्ती योजना तैयार की जा रही है.
हैदराबाद में डिंडीगुल वायुसैनिक अड्डे पर संयुक्त स्नातक परेड को संबोधित करते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा, यह नया भारत है जो सीमा पर उल्लंघन, आक्रामकता तथा किसी भी तरह की एकतरफा कार्रवाई का मुंहतोड़ जवाब दे सकता है.
मिलिट्री लिटरेचर फेस्टिवल में बोले रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह इस उत्सव के जरिए हमारी कोशिश है कि हमारे देश की जनता, अलग-अलग स्तरों पर हमारी सेनाओं, और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी चीजों को, अच्छी तरह से समझें और उसमें अपना योगदान भी दें.
दूर संचार क्षेत्र पर राष्ट्रीय सुरक्षा निर्देश, बदले हुए दृश्य को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है, जिसका मक़सद चीन की ताक़तवर संचार कंपनियों को घेरना है.
उद्योग चैंबर ‘फिक्की’ की वार्षिक आम बैठक को संबोधित करते हुए सिंह ने कहा, जब दुनिया कोरोनावायरस से लड़ रही थी, तब भारतीय सशस्त्र बल हमारी सीमाओं की बहादुरी से रक्षा कर रहे थे.
भारत ने चीन को यह विश्वास दिलाने के लिए मनगढ़ंत तरीके से अलग-अलग जगहों पर झंडे लगा रखे थे कि सेना कहीं और ध्यान केंद्रित कर रही है जबकि वास्तविक कार्रवाई एक अलग पहाड़ी पर की गई.
जनरल एम.एम. नरवणे आगामी 9 दिसंबर से दोनों देशों के एक सप्ताह के दौरे पर जाने वाले हैं जिसे मध्य पूर्व के साथ भारत के रिश्तों में मजबूती का संकेत माना जा रहा है. किसी भारतीय आर्मी चीफ का यह पहला दौरा है.
2020 पिछले एक दशक में दूसरा ऐसा साल है जब सबसे ज्यादा संख्या में आतंकवादी भर्ती हुई है. पुलिस के मुताबिक, संगठन अब आतंकवाद के अगले चरण के लिए ‘फेसलेस कमांडर’ तलाश रहे हैं.
राजनीतिक नेतृत्व ने 1971 की तरह 2020 में भी सैन्य मामलों में दखल न देकर सही राजनीतिक निर्देश जारी किया, और रक्षा मंत्री ने सेना अध्यक्ष को सलाह दी कि 'जो उचित समझो वो करो.'