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Friday, 14 August, 2026
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सनातन परंपराओं की रक्षा के लिए एकता आवश्यकः मुख्यमंत्री

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अयोध्या (उप्र), 14 अगस्त (भाषा) उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को कहा कि लोगों के बंटने और एकता की कमी की वजह से देश ने बहुत नुकसान उठाया, इसलिए सनातन परंपराओं की सुरक्षा के लिए एकता जरूरी है।

दिवंगत महंत परमहंस रामचंद्र दास महाराज की स्मृति में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने राम जन्मभूमि आंदोलन, अयोध्या के कायाकल्प और धार्मिक स्थलों खासकर संभल से जुड़े ऐतिहासिक विवादों पर विस्तार से बात की।

उन्होंने कहा, “अगर किसी चीज़ की कमी है तो वह एकता की कमी है। एक साथ खड़े होने, एक स्वर में बोलने और साथ मिलकर आगे बढ़ने की क्षमता की कमी है। इतिहास को प्रेरणास्रोत के तौर पर और समाज के लिए सीख के तौर पर लेना चाहिए।”

मुख्यमंत्री ने कहा, “आज 14 अगस्त है। स्वतंत्रता से एक दिन पहले 14 अगस्त, 1947 को न केवल हिंदू और सिख बंटे हुए थे, भारत खुद में बंटा हुआ था। जब पाकिस्तान और बांग्लादेश में हिंदू मारे गए तो राजनीतिक पार्टियां और उनके नेता चुप रहे।”

उन्होंने संभल हिंसा की याद दिलाते हुए कहा कि 2024 के संघर्ष के बाद राज्य सरकार ने शांति बहाल करने के लिए कदम उठाए और कथित अतिक्रमणों को हटाया। उन्होंने कहा कि सरकार ने संभल का इतिहास खंगाला और धार्मिक स्थलों से जुड़ी जमीन पर कथित अतिक्रमण की पहचान की।

आदित्यनाथ ने कहा, “हमने सभी अतिक्रमण हटा दिए। करीब 1,000 एकड़ भूमि से अतिक्रमण हटाकर जमीन वापस ले ली और इसे गरीबों, दलितों और कमजोर तबकों को आबंटित कर रहे हैं। एक सरकारी लैंड बैंक का भी सृजन किया जा रहा है और हम वहां एक बड़ा जिला मुख्यालय बनाएंगे।”

उन्होंने दावा किया कि जो संभल कभी सांप्रदायिक हिंसा से जुड़ा था, अब वह बदल चुका है।

उन्होंने कहा कि अब वहां कोई दंगे नहीं होते और शांति है।

अयोध्या के संबंध में मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या को हिंदू परंपरा में सात पवित्र स्थलों में से एक माना जाता है और इसे इसी के अनुरूप इसका आध्यात्मिक, सांस्कृतिक व भौतिक विकास होना चाहिए।

मुख्यमंत्री ने राम जन्मभूमि आंदोलन में हिस्सा लेने वाले संतों को अयोध्या के परिवर्तन का श्रेय दिया।

उन्होंने आरोप लगाया कि अयोध्या और सनातन परंपरा को निशाना बनाने के प्रयास अब भी किए जा रहे हैं।

राजनीतिक विरोधियों का नाम लिए बगैर आदित्यनाथ ने उन पर पूर्व में राम जन्मभूमि आंदोलन का विरोध करने और अब खुद को भगवान राम का समर्थक दिखाने की कोशिश करने का आरोप लगाया।

मुख्यमंत्री ने अयोध्या के राम मंदिर में चंदा चोरी लेकर हुए विवाद के संदर्भ में कहा कि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होगी।

भाषा सं राजेंद्र जोहेब

जोहेब

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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