नई दिल्ली: पंजाब पुलिस के एक असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर (ASI) की तरनतारन में गोली मारकर हत्या कर दी गई है. इस साल राज्य के सीमावर्ती जिले में किसी पुलिसकर्मी की हत्या का यह पांचवां मामला है. पुलिस ने बताया कि 54 साल के ASI इकबाल सिंह की रविवार को उनके पैतृक गांव नौशहरा पन्नुआं में गोली मारकर हत्या कर दी गई. वह गुरुद्वारे से घर लौट रहे थे.
इकबाल सिंह पड़ोसी जिले फिरोजपुर में पुलिस की काउंटर इंटेलिजेंस विंग में तैनात थे. वह रोज बाइक से अपने काम की जगह और अपने गांव के बीच आते-जाते थे. उनकी बहन जसकरणजीत कौर ने दिप्रिंट को बताया, “वह दफ्तर से लौटे और गांव के गुरुद्वारे में माथा टेकने गए. लेकिन फिर कभी वापस नहीं लौटे.”
इकबाल सिंह के परिवार में दो बच्चे हैं, जो विदेश में रहते हैं. उनकी पत्नी उनके साथ नौशहरा पन्नुआं में रहती थीं.
तरनतारन पुलिस की शुरुआती जांच के मुताबिक, रविवार शाम करीब 7.30 बजे बाइक पर सवार दो हमलावरों ने नौशहरा पन्नुआं-लोहका रोड पर इकबाल सिंह को घेर लिया और उन्हें दो गोलियां मारीं. उनकी मौके पर ही मौत हो गई.
फिरोजपुर रेंज के डिप्टी इंस्पेक्टर जनरल (DIG) स्नेहदीप शर्मा ने घटनास्थल का मुआयना करने के बाद बताया, “नौशहरा पन्नुआं-लोहका रोड पर एक घटना की जानकारी मिली थी. माखू में तैनात एक ASI पर दो लोगों ने हमला किया, जिससे गोली लगने के कारण उनकी मौत हो गई.” इस दौरान उनके साथ तरनतारन के सीनियर सुपरिंटेंडेंट ऑफ पुलिस (SSP) सुरिंदर लांबा भी मौजूद थे.
गैंगस्टर के सोशल मीडिया पोस्ट की जांच
हमले में इकबाल सिंह की मौत के कुछ ही समय बाद सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सामने आई. इसमें गैंगस्टर बलविंदर सिंह उर्फ डोनी बाल और प्रभ दासूवाल ने हत्या की जिम्मेदारी ली. पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा कि हत्या से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है.
अधिकारियों ने बताया कि जांच में इस बात को भी देखा जा रहा है कि कहीं इस हत्या का संबंध इकबाल सिंह के भतीजे की हत्या से तो नहीं है. उनका भतीजा 2022 में सरहाली पुलिस थाने पर हुए RPG हमले के मामले में आरोपी था.
आरोपी अजमीत सिंह की पिछले महीने नौशहरा पन्नुआं गांव में उसके घर के बाहर इसी तरह हत्या कर दी गई थी. हमलावरों ने उसे घेरकर अंधाधुंध गोलियां चलाई थीं. गैंगस्टर डोनी बाल ने उस हत्या की जिम्मेदारी भी ली थी.
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने दिप्रिंट को बताया, “हत्या के बाद सोशल मीडिया पर सामने आई पोस्ट समेत सभी पहलुओं की जांच की जा रही है.”
इकबाल सिंह की हत्या इस साल पंजाब के सीमावर्ती जिलों में पुलिसकर्मियों पर हुआ पांचवां जानलेवा हमला है.
इस महीने की शुरुआत में अमृतसर ग्रामीण पुलिस जिले के अजनाला में ASI सुखचैन सिंह पर गोली चलाई गई थी, लेकिन वह बाल-बाल बच गए थे. एक अन्य ASI हरजीत सिंह की अमृतसर शहर में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, जबकि ASI जसवंत सिंह अमृतसर के मजीठा में गोलीबारी की एक घटना में घायल हो गए थे.
इसी इलाके में ASI जोगा सिंह की भी उस समय गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, जब वह अपने दफ्तर जा रहे थे. इससे पहले गुरदासपुर के एक सीमावर्ती गांव की पुलिस चौकी पर दो पुलिसकर्मियों की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी.
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