नयी दिल्ली, 15 अप्रैल (भाषा) राष्ट्रीय भौतिक प्रयोगशाला (एनपीएल) सोमवार से अपने दरवाजे एक सप्ताह के लिए आम जनता के लिए खोल रही है जिसके तहत वह विभिन्न परियोजनाओं में अनुसंधान और प्राप्त उपलब्धियों को प्रदर्शित करेगी।
वैज्ञानिक तथा औद्योगिक अनुसंधान परिषद (सीएसआईआर)-एनपीएल दिल्ली भारतीय मानक समय (आईएसटी) के सरंक्षक (कस्टोडियन) है जो सीजियम परमाणु घड़ी और हाइड्रोजन मासर के आधार पर परमाणु स्तर के सूक्ष्म समय की गणना करती हैं।
एनपीएल के निदेशक वेणुगोपाल अचंता ने बताया, ‘‘अति सूक्ष्म उपग्रह लिंक आधारित गणना कर आईएसटी को कुछ नैनोसेकंड के भीतर अंतरराष्ट्रीय संदर्भ समय यूसीटी (समन्वित सार्वभौमिक समय) में अंकित किया जाता है।’’
उन्होंने बताया कि ‘वन वीक, वन लैब’ के तहत एनपीएल आने वाले लोग देख सकेंगे कि कैसे वैज्ञानिक मानक घड़ी का प्रबंधन करते हैं।
एनपीएल प्रमुख ने यह भी बताया कि प्रयोगशाला उस नहीं मिटने वाली स्याही को भी प्रदर्शित करेगी जिसका इस्तेमाल चुनाव के दौरान मतदान कर चुके मतदाताओं की पहचान करने के लिए किया जाता है। इस स्याही को वर्ष 1952 में सीएसआईआर-एनपीएल ने विकसित किया था और भारतीय लोकतंत्र में इसका अहम योगदान माना जता है।
अचंता ने बताया कि ‘वन वीक, वन लैब’ अभियान के तहत सीएसआईआर की 37 प्रयोगशालाएं अपनी-अपनी उपलब्धियों और उन प्रौद्योगिकी को प्रदर्शित करेंगी जिन्हें देश की जनता के लिए विकसित किया गया।
इस एक सप्ताह के अभियान का उद्घाटन विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री जितेंद्र सिंह सोमवार को करेंगे।
भाषा धीरज माधव
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