नई दिल्ली: बाबा रामदेव ने शनिवार को घोषणा की कि पतंजलि समूह जल्द ही यूपीएससी परीक्षा की तैयारी कराने के लिए एक सिविल सर्विसेज अकादमी शुरू करेगा. मशहूर शिक्षक और आम आदमी पार्टी (AAP) के पूर्व नेता अवध ओझा पतंजलि समूह में इस अकादमी का संचालन करेंगे.
हरिद्वार स्थित पतंजलि योगपीठ परिसर में एक कार्यक्रम के दौरान बाबा रामदेव ने कहा, “पतंजलि योगपीठ में पतंजलि सिविल सर्विस अकादमी शुरू की जा रही है. इसका नेतृत्व अवध ओझा जी करेंगे, जिन्होंने लाखों छात्रों को सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कराई है. इनमें से 1,000 से अधिक छात्र आईएएस और आईपीएस अधिकारी बनकर देश की सेवा कर रहे हैं. यहां एमए की पढ़ाई करने वाले छात्रों को 1 लाख रुपये से कम फीस देनी होगी, जबकि बाहर से पढ़ने आने वाले छात्रों से 2.5 लाख रुपये शुल्क लिया जाएगा.”
अवध ओझा यूपीएससी के इतिहास विषय की कक्षाओं और सोशल मीडिया पर अपनी बड़ी लोकप्रियता के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने 2024 में आम आदमी पार्टी जॉइन की थी और 2025 के दिल्ली विधानसभा चुनाव में पटपड़गंज सीट से चुनाव लड़ा था, जहां उन्हें 21,000 से अधिक वोटों से हार मिली थी. उन्होंने दिल्ली के बड़े कोचिंग संस्थानों में पढ़ाकर और पुणे में अपनी आईएएस अकादमी चलाकर पहचान बनाई है.
कार्यक्रम में ओझा ने कहा, “आपके बच्चे यहां बहुत सकारात्मक माहौल में रहेंगे. शिक्षा की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा. दिल्ली के सबसे अच्छे शिक्षक यहां आपके बच्चों को पढ़ाने के लिए उपलब्ध होंगे.”
अकादमी के लॉन्च से जुड़े पोस्टर के अनुसार, यहां यूपीएससी और राज्य लोक सेवा आयोग (पीएससी) परीक्षाओं की तैयारी के लिए दो साल का आवासीय कार्यक्रम चलाया जाएगा. कोचिंग और हॉस्टल सुविधाओं के अलावा छात्रों को ध्यान (मेडिटेशन) और व्यक्तित्व विकास की कक्षाएं भी दी जाएंगी. प्रवेश परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन 14 जुलाई तक खुले हैं.
इस कदम के साथ पतंजलि अब फास्ट-मूविंग कंज्यूमर गुड्स (एफएमसीजी) कारोबार से आगे बढ़कर शिक्षा क्षेत्र में भी विस्तार कर रहा है. समूह पहले ही हरिद्वार में स्कूल और एक विश्वविद्यालय परिसर स्थापित कर चुका है. पतंजलि का कैंपस भी हरिद्वार के पास स्थित है और इसकी अकादमी हर साल सैकड़ों एस्पिरेंट्स को प्रशिक्षण देगी.
रामदेव ने हरिद्वार में कहा, “दिल्ली और अन्य जगहों के कोचिंग सेंटरों में पढ़ाई करने के बाद जो छात्र परीक्षा पास नहीं कर पाते, वे अक्सर दिशाहीन हो जाते हैं. लेकिन पतंजलि आईएएस अकादमी के छात्र अपने परिवार और देश दोनों का नाम रोशन करेंगे.”
जो छात्र पहले से पतंजलि विश्वविद्यालय में दाखिला ले चुके हैं, उन्हें आईएएस कोचिंग सुविधा के लिए 1 लाख रुपये से कम फीस देनी होगी. अन्य छात्रों के लिए ट्यूशन फीस करीब 2.5 लाख रुपये होगी. अकादमी मेधावी छात्रों को 80 प्रतिशत से 100 प्रतिशत तक छात्रवृत्ति देने की भी योजना बना रही है.
आयुर्वेदिक और स्वदेशी उत्पादों के लिए पहचान बनाने वाला पतंजलि समूह अब शिक्षा क्षेत्र में भी अपनी मौजूदगी बढ़ा रहा है. फिलहाल, पतंजलि विश्वविद्यालय के माध्यम से मास्टर डिग्री, स्नातक पाठ्यक्रम, डिप्लोमा, सर्टिफिकेट कोर्स और डॉक्टरेट कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं.
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