पंकजा ने मराठी में लिखी फेसबुक पोस्ट में कहा था, 'राज्य में बदले राजनीतिक परिदृश्य को देखते हुए यह सोचने और निर्णय लेने की आवश्यकता है कि आगे क्या किया जाए.
शाह ने कहा कि गांधी परिवार की सुरक्षा हटाई नहीं गई है बल्कि सुरक्षा बदली गई है. उन्होंने कहा कि सिर्फ गांधी परिवार ही नहीं पूरे देश के 130 करोड़ लोगों की सुरक्षा की चिंता सरकार की है.
महाजन के बयान पर कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने कहा,' मोदी सरकार की तानाशाही से खुद पूर्व लोकसभा स्पीकर अध्यक्ष सुमित्रा महाजन भी पीड़ित थी. जनता के मुद्दों पर अपनी बात पार्टी के मंचों पर नहीं रख पाती थीं. क्या ये डर नहीं है तो और क्या है.'
अनंत हेगड़े ने मुख्यमंत्री के तौर पर फडणवीस के दोबारा शपथ लेने के महज 80 घंटों बाद इस्तीफा देने को ‘नाटक’ बताया और कहा कि यह इसलिए किया गया कि विकास कार्यों के लिए दी गई 40,000 करोड़ निधि की ‘रक्षा’ की जा सके.
शिवसेना ने कहा, 'फडणवीस को याद रखना चाहिए कि इतिहास में उन्हें ऐसे व्यक्ति के रूप में याद किया जाएगा जिसने हर किसी को अंधेरे में रख कर और बहुमत के बिना अवैध तरीके से शपथ ली थी.'