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Friday, 6 March, 2026
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इंटरनेट पर रोक की भारी कीमत चुका रहे हैं कश्मीर के लोग

शिक्षा से लेकर स्वास्थ्य और कारोबार से लेकर यात्रा तक जीवन के हर क्षेत्र में इंटरनेट का समावेश है. इसे पानी, बिजली की तरह जीवन की बुनियादी सुविधाओं की सूची में शामिल माना जा सकता है.

अमित शाह का लोहिया और अनुच्छेद-370 पर बयान तथ्यों पर आधारित नहीं

लोहिया कहते थे कि 1947 में जो बंटवारा हुआ वह अप्राकृतिक था और कभी न कभी वह वक़्त आएगा कि जब भारत और पाकिस्तान मिलेंगे क्योंकि दोनों का एक ही इतिहास, भूगोल और संस्कृति है.

राम मंदिर पर फैसले का हाल कहीं दोशीपूरा कब्रिस्तान के फैसले जैसा न हो जाये

राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद पर उच्चतम न्यायालय में सुनवाई की रफ्तार से उम्मीद बंधी है कि 134 साल पुराने भूमि विवाद पर जल्द ही फैसला आ जायेगा.

अर्थव्यवस्था के सुस्त पड़ने पर भी लोग मोदी के आर्थिक प्रदर्शन को सही क्यों ठहराते हैं

मोदी की लोकप्रियता में फेक न्यूज़ और गलत सूचनाओं के प्रसार की भूमिका पर भी चर्चा होनी चाहिए.

मोदी को अर्थव्यवस्था की बागडोर हाथ में लेनी होगी ताकि 80 के दशक जैसे हालात न बने

जब आर्थिक वृद्धि थम गई तो देश को अपने क्षेत्र में और इससे बाहर भी चीन के खिलाफ एक स्वाभाविक ढाल या आर्थिक मामले में अगला चीन शायद ही माना जाएगा

अर्थव्यवस्था भारत का सबसे धारदार औजार है, लेकिन वो कुंद हो रहा है

एक दहकती हुई अर्थव्यवस्था जो कभी भारत की सबसे बड़ी रणनीतिक ताकत बन गई थी वह आज किस कदर उसकी हैसियत को चोट पहुंचा रही है, यह कश्मीर संकट पर अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रियाओं से साफ दिख रहा है.

एक वीडियो ने पुलिसवालों की इमेज प्यारभरी दिखाई, लेकिन इस बात पर पुलिस सिस्टम भड़क उठा

सोशल मीडिया में राजस्थान से प्री-वेडिंग शूट का एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें सब इंसपेक्टर धर्मपाल सिंह अपनी होनेवाली बीवी के साथ फिल्मी रोमांस करते नज़र आ रहे हैं.

सैटेलाइट की तस्वीरों से साफ, चीन ने भारत में बनाई सड़क : रक्षा विशेषज्ञ

चीनी जमीन से शुरू हुआ निर्माण कार्य भारतीय सीमा के भीतर भी होता जा रहा है. लगभग 1 किलोमीटर लंबी सड़क भारत की सीमा में बना दी गई है.

ख़ामोश हैं जम्मू से जुड़े नेशनल कॉन्फ्रेंस और पीडीपी के नेता

अनुच्छेद-370 की समाप्ति के बाद जो जम्मू-कश्मीर में जो हालात बने हैं उसमें इन नेताओं की राजनीतिक ज़मीन पूरी तरह से सिकुड़ गई है.

नरेंद्र मोदी के निशाने पर क्यों है नेहरू-गांधी परिवार

कांग्रेस ने हाल के वर्षों के कुछ सबसे बड़े जनपक्षीय फैसले तब किए हैं, जब उसका अध्यक्ष नेहरू-गांधी परिवार का कोई सदस्य रहा है. नरेगा, मिड डे मील, आरटीआई, उच्च शिक्षा में ओबीसी आरक्षण ऐसे फैसलों में शामिल है.

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दिल्ली विधानसभा ने विशेषाधिकार समिति की कार्यवाही के सीधे प्रसारण का केजरीवाल का अनुरोध ठुकराया

नयी दिल्ली, छह मार्च (भाषा) दिल्ली विधानसभा ने पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का विशेषाधिकार समिति की कार्यवाही के सीधे प्रसारण का अनुरोध ठुकरा दिया...

लास्ट लाफ

सुप्रीम कोर्ट का सही फैसला और बिलकिस बानो की जीत

दिप्रिंट के संपादकों द्वारा चुने गए दिन के सर्वश्रेष्ठ कार्टून.