मंगलवार और बुधवार की दरमियानी रात को, VIT के स्टूडेंट्स ने कैंपस में पीलिया फैलने के विरोध में हिंसक विरोध प्रदर्शन किया और प्रॉपर्टी को नुकसान पहुंचाया.
इंस्टीट्यूट ऑफ इंटरनेशनल एजुकेशन की रिपोर्ट के अनुसार 2024-25 में 3,63,019 भारतीय छात्र दाखिल हुए, जो पिछले साल के 3,31,602 से अधिक हैं. इंटरनेशनल छात्रों में भारतीयों की हिस्सेदारी 30.8% रही.
NAAC ने कहा कि अल-फलाह के इंजीनियरिंग और एजुकेशन स्कूल को 5 साल के लिए मान्यता मिली थी, जो अब खत्म हो चुकी है. यूनिवर्सिटी को कभी मान्यता नहीं मिली थी.
बोर्ड के अनुसार, रिपोर्ट स्कूलों के अकादमिक परिणामों की तुलना राज्य स्तर के प्रदर्शन और समग्र CBSE औसत से करती है. स्कूल प्रिंसिपल्स ने इस कदम का स्वागत किया है.
केवल तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल ही अब तक इस योजना में शामिल नहीं हुए हैं, जिसके तहत केंद्र 2022-23 से 2026-27 के बीच देशभर के 14,500 स्कूलों को उन्नत करने का लक्ष्य रखता है.
उर्दू भाषा की “खूबसूरत लिपि को ज़िंदा रखने” और नई शिक्षा नीति के लक्ष्यों के अनुरूप, शिक्षा मंत्रालय के तहत आने वाली NCPUL ने 56 पिक्चर बुक्स का प्रकाशन शुरू किया, जिनमें से 22 जारी हो चुकी हैं.
'अडानी ग्लोबल इंडोलॉजी कॉन्क्लेव: रिवाइविंग परम्परा फॉर ए यूनाइटेड वर्ल्ड' नामक यह कार्यक्रम 20 से 22 नवंबर के बीच अहमदाबाद के अडानी शांतिग्राम टाउनशिप में आयोजित किया जाएगा.
भारतीय ज्ञान प्रणाली प्रभाग छात्रों और कंपनियों को प्राचीन संस्कृत ग्रंथों में बताए खगोलीय उपकरणों को दोबारा बनाने के लिए आमंत्रित कर रहा है. चयनित उपकरणों को स्टार्टअप्स के सामने दिखाया जा सकता है.
सरकार की बनाई पैनल, जिसकी अगुवाई इसरो के पूर्व प्रमुख ने की थी, ने सिफारिश की थी कि NEET-UG जैसी परीक्षाएं ऑनलाइन हों और परीक्षा केंद्रों पर उम्मीदवारों का आधार से बायोमेट्रिक सत्यापन किया जाए.
प्रवासी भारतीय सम्मेलन से लेकर कुंभ मेलों तक, भारत ने दिखाया है कि वह जटिल आयोजनों का प्रबंधन कर सकता है. इस क्षमता को बाद में उसके G20 शिखर सम्मेलन के दौरान वैश्विक मंच पर भी मजबूती मिली.