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Saturday, 21 March, 2026
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समाज-संस्कृति

धीमी गति से चली ‘दृश्यम-2’, कहीं डगमगाई तो कहीं जरूरत थी और मांजने की

एक कत्ल और उसकी तफ्तीश की कहानी कहती यह थ्रिलर फिल्म ‘दृश्यम 2’ पूरे परिवार के साथ बैठ कर देखी जा सकती है.

आज़ादी और आत्मनिर्भरता के संघर्ष में प्रेरणा की स्रोत रही गीता कैसे भारतीय डाक के साथ लोगों तक पहुंची

गीता के सन्देश के प्रचार प्रसार में डाक विभाग का भी बड़ा योगदान रहा है. 1978 में भगवद्गीता पर जारी पहले स्मारक डाक टिकट की 50 लाख प्रतियां छापी गयी थीं.  

बच्चों के मतलब की एक हॉरर-कॉमेडी है ‘रॉकेट गैंग’

इंटरवल तक बेहद हल्की लगती रही इस फिल्म का बाद में ताकतवर हो जाना सुखद लगता है. बच्चों को यह फिल्म ज्यादा पसंद आएगी.

‘उम्र सिर्फ एक संख्या है, हमें नजरअंदाज मत कीजिए’; फिल्म ‘ऊंचाई’ पर बोले अनुपम खेर

साल 1984 में अपने जवानी के दिनों में फिल्म ‘सारांश’ में 65 वर्षीय एक बुजुर्ग व्यक्ति की भूमिका निभाने वाले अनुपम खेर का मानना ​​है कि बुजुर्ग पात्रों के बारे में अक्सर एक आम धारणा बना ली जाती है, लेकिन, ‘ऊंचाई’ फिल्म यह बताती है कि उन्हें नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है.

भावनाओं और ‘सर्वाइवल थ्रिलर’ से भरपूर ‘मिली’ जिंदगी जीने का सबक देती है

2019 में निर्देशक मथुकुट्टी जेवियर मलयालम में अपनी पहली फिल्म ‘हेलन’ लेकर आए थे जिसे कई पुरस्कारों के अलावा दो राष्ट्रीय पुरस्कार भी मिले थे.

‘BJP शासन में दलितों के खिलाफ बढ़ते अत्याचार’: उर्दू प्रेस ने MP में एक परिवार की हत्या की निंदा की

दिप्रिंट अपने राउंडअप में बता रहा है कि पिछले हफ्ते की घटनाओं को उर्दू मीडिया ने कैसे कवर किया और उन पर उसका संपादकीय नजरिया क्या रहा.

आस्था और इतिहास के बीच झूलती ‘राम सेतु’ फिल्म

फिल्म बुरी नहीं है. राम और उनसे जुड़ी बातों, घटनाओं में आस्था रखने वालों को तो यह भीतर तक छुएगी. लेकिन थोड़ी और कसी होनी चाहिए थी.

दीवाली पर होगी इन फिल्मों में महा-टक्कर

इस दिवाली पर कई बड़ी फिल्मों के बीच बड़ी टक्कर होने जा रही है. इनमें से पहली है ‘राम सेतु’ जिसे ‘तेरे बिन लादेन’ व ‘परमाणु’ जैसी फिल्में बना चुके अभिषेक शर्मा ने निर्देशित किया है.

बिलकिस के दोषियों की रिहाई पर उर्दू प्रेस बोला-‘गुजरात चुनाव से पहले नफरत फैलाने की कोशिश कर रही BJP’

शुक्रवार को सम्पन्न गौरव यात्रा में आदिवासी बेल्ट पर फोकस करते हुए पांच रूट को कवर किया गया. गुजरात में 2017 के चुनाव में कांग्रेस की 77 सीटों और 41 फीसदी वोटों की तुलना में भाजपा ने 49 फीसदी वोट हासिल किए थे और कुल 182 में 99 सीटों पर जीत दर्ज की थी.

क्या मोदी जातिगत गणित के जरिए बढ़ा रहे अपना समर्थन! कैसे केंद्र में भी अपना रहे गुजरात फार्मूला

भाजपा के पहले प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी एक ब्राह्म‍ण थे. मोदी के आगे आने तक उसके अत्यंत लोकप्रिय नेता लालकृष्‍ण आडवाणी एक सिंधी उच्‍च जाति लोहाना से आते हैं.

मत-विमत

‘विश्वगुरु’ बनने का हमारा-आपका भ्रम, दुनिया को देखने की समझ बिगाड़ रहा है

एक पक्ष सोचता है कि आज भारत अपनी हैसियत से ज्यादा आगे बढ़कर कदम उठा रहा है, जबकि दूसरा पक्ष सोचता है कि मोदी ने भारत की हैसियत कमजोर कर दी है और भारत अपनी हैसियत से कम कदम उठा रहा है. सच यह है कि दोनों ही गलत हैं.

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तेलंगाना : पुलिस उप-निरीक्षक ने आत्महत्या की

करीमनगर (तेलंगाना), 21 मार्च (भाषा) तेलंगाना के करीमनगर जिले में शनिवार को एक पुलिस उपनिरीक्षक ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। एक...

लास्ट लाफ

सुप्रीम कोर्ट का सही फैसला और बिलकिस बानो की जीत

दिप्रिंट के संपादकों द्वारा चुने गए दिन के सर्वश्रेष्ठ कार्टून.