आतंकवादी हमला करने के लिए जिस जगह को चुना गया वह जून के पहले हफ्ते से शुरू होने वाली अमरनाथ गुफा यात्रा के मार्ग पर स्थित है, जो भी हो यह यात्रा तो शुरू होगी ही, हमारी रोज़मर्रा की ज़िंदगी को इन हिंसक कार्रवाइयों का बंधक नहीं बनने दिया जा सकता.
दुलत जब आईबी में थे, तब उन्होंने कश्मीर में काम किया था और फारूक अब्दुल्ला के साथ उनके करीबी संबंध थे. तब से दिल्ली ने गुप्त वार्ता के लिए उनका इस्तेमाल किया है.
क्या मुफ्त रेवड़ियां विपक्ष को आगे बढ़ने में मदद कर सकती हैं? वे ऐसा जो भी वादा करेंगे, मोदी उससे बेहतर पेशकश कर देंगे. मोदी चूंकि सत्ता में हैं, उनके वादी को ज्यादा विश्वसनीय माना जाएगा.
कांग्रेस और बीजेपी दोनों ने संसद में खुद को आंबेडकर के करीब बताया, लेकिन किसी ने यह कहने की हिम्मत नहीं की कि अगर आंबेडकर पीएम होते तो देश के हालात कुछ और होते.
1976 तक तो लोकसभा, राज्यसभा और राज्यों की विधानसभाओं की सीटों की संख्या इस तरह तय की जाती रही ताकि आबादी के प्रतिनिधित्व का समान अनुपात बना रहे, लेकिन 42वें संविधान संशोधन ने सीटों की संख्या 2001 की जनगणना के आधार पर स्थिर कर दी.