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Tuesday, 21 April, 2026
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युद्ध के कारण बीयर उद्योग ‘गंभीर संकट’ में : यूनाइटेड ब्रूअरीज सीईओ

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बेंगलुरु, 19 अप्रैल (भाषा) यूनाइटेड ब्रूअरीज लिमिटेड (यूबीएल) के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) और प्रबंध निदेशक विवेक गुप्ता ने कहा है कि युद्ध के कारण कच्चे माल की बढ़ती लागत, आपूर्ति की कमी और राज्य सरकारों द्वारा लगाए गए मूल्य निर्धारण प्रतिबंधों के बीच भारतीय बीयर उद्योग गंभीर संकट का सामना कर रहा है।

गुप्ता ने सरकार से हस्तक्षेप की मांग करते हुए कहा कि पर्याप्त नियामकीय समर्थन नहीं मिलने से उद्योग की वृद्धि और नवाचार पर असर पड़ सकता है।

उन्होंने कहा कि युद्ध के कारण कच्चे माल, बोतल और अन्य कच्चे माल की लागत बढ़ गई है, जबकि कंपनियां बिना सरकारी अनुमति के कीमत नहीं बढ़ा सकती हैं।

गुप्ता ने बताया कि बीयर उद्योग पर इसका असर अन्य उद्योगों की तुलना में अधिक पड़ा है। रुपये की कमजोरी, निर्यात में गिरावट और आपूर्ति की कमी से स्थिति और चुनौतीपूर्ण हो गई है।

उन्होंने कहा कि बीयर की कीमतें मुख्य रूप से राज्यों की आबकारी नीतियों के तहत नियंत्रित होती हैं और लगभग 75 प्रतिशत कारोबार सरकारी नियमों के अधीन है।

गुप्ता ने सरकार से अनुरोध किया कि कंपनियों को उपभोक्ताओं पर बोझ डाले बिना सरकार को अपने बिक्री मूल्य में लगभग 15 प्रतिशत तक बढ़ोतरी की अनुमति दी जाए। कैन की कमी के बारे में गुप्ता ने कहा कि सरकारी अधिसूचना के बावजूद अभी यह समस्या सुलझी नहीं है। यह आगे भी बनी रहेगी।

उन्होंने कहा, ‘‘एल्युमीनियम की कीमतें बढ़ रही हैं। गैस की कमी की वजह से विनिर्माताओं ने अपरिहार्य स्थिति घोषित कर दी है। स्थानीय कैन विनिर्माता भी पूरी क्षमता से उत्पादन नहीं कर पा रहे हैं। कैन का आयात करना महंगा बैठ रहा है।’’

भाषा योगेश अजय

अजय

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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