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Tuesday, 12 May, 2026
होमरिपोर्टहमने पिछली सरकारों के गड्ढों को भरा, अब यूपी को बुलेट ट्रेन की स्पीड से आगे बढ़ाने की बारी: CM योगी

हमने पिछली सरकारों के गड्ढों को भरा, अब यूपी को बुलेट ट्रेन की स्पीड से आगे बढ़ाने की बारी: CM योगी

दिल्ली में सीआईआई बिजनेस समिट में बोले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मजबूत उद्योग, सुरक्षा और कानून व्यवस्था से बदली यूपी की पहचान.

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नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को दिल्ली में आयोजित सीआईआई की वार्षिक बिजनेस समिट-2026 में कहा कि उनकी सरकार ने पिछले वर्षों में “पिछली सरकारों के पाप के गड्ढों को भरने” का काम किया है और अब यूपी को “बुलेट ट्रेन की स्पीड” से आगे बढ़ाने का समय है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी देश की आर्थिक ताकत उसकी मैन्युफैक्चरिंग क्षमता और उद्योगों पर निर्भर करती है. उद्योग मजबूत होंगे तो रोजगार, निवेश और समृद्धि भी बढ़ेगी. उन्होंने कहा कि दुनिया के अधिकांश संघर्षों और युद्धों के पीछे आर्थिक हित ही कारण होते हैं.

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि भारत की आर्थिक और सामरिक ताकत ही मानवता और कल्याण का रास्ता तैयार करेगी. उन्होंने कहा कि “जिसके पास शक्ति होगी, वही करुणा और मैत्री का मार्ग भी प्रशस्त कर पाएगा.”

मुख्यमंत्री ने कहा कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश की पहचान दंगों, माफिया राज, गुंडा टैक्स और खराब कानून व्यवस्था से होती थी. उन्होंने कहा कि उस समय लोग सड़क पर गड्ढे देखकर समझ जाते थे कि यूपी का बॉर्डर आ गया है.

उन्होंने बताया कि जब वह पहली बार सांसद बने थे और गोरखपुर के बंद पड़े फर्टिलाइजर कारखाने को शुरू कराने के लिए केंद्रीय मंत्री से मिले, तो उनसे पूछा गया था कि “यूपी में चुनाव जीतकर आए हैं, कितने लोगों का मर्डर हुआ था?”

सीएम योगी ने कहा कि 2017 में जब उन्हें प्रदेश की जिम्मेदारी मिली, तब उनके पास प्रशासनिक अनुभव नहीं था, लेकिन मठ चलाने का अनुभव प्रदेश संचालन में मददगार साबित हुआ. उन्होंने कहा कि मठ में अनुशासन, समयबद्ध कार्यक्रम और वित्तीय व्यवस्था का पालन होता है और उसी व्यवस्था को उन्होंने प्रशासन में लागू किया.

उन्होंने कहा कि सरकार की पहली प्राथमिकता कानून व्यवस्था को मजबूत करना था. रूल ऑफ लॉ लागू किया गया, पॉलिसी पैरालिसिस खत्म की गई और अलग-अलग सेक्टरों के लिए नीतियां बनाई गईं.

मुख्यमंत्री ने प्रयागराज का उदाहरण देते हुए कहा कि एक समय ऐसा था जब एक माफिया ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस के काफिले को रुकवा दिया था, लेकिन अब कोई माफिया ऐसा करने की हिम्मत नहीं कर सकता.

उन्होंने कहा कि आज बेटियां सुरक्षित माहौल में स्कूल जा रही हैं और पश्चिमी यूपी से पलायन करने वाले परिवार वापस लौट रहे हैं. कैराना का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि अपराधियों पर कार्रवाई के बाद वहां से पलायन कर चुके परिवार लौटे हैं.

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सरकार ने कृषि और उद्योग दोनों क्षेत्रों में बड़े सुधार किए हैं. किसानों को तकनीक से जोड़ने, एमएसएमई सेक्टर को मजबूत करने और निवेश आकर्षित करने के लिए लैंड बैंक तैयार किए गए.

उन्होंने कहा कि 2018 में शुरू की गई वन डिस्ट्रिक्ट-वन प्रोडक्ट (ओडीओपी) योजना से यूपी के स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान मिली है. डिजाइन, पैकेजिंग, तकनीक और ब्रांडिंग पर विशेष ध्यान दिया गया है.

मुख्यमंत्री के मुताबिक, प्रदेश में 96 लाख से अधिक एमएसएमई इकाइयां हैं, जो लगभग 3 करोड़ युवाओं को रोजगार दे रही हैं. उन्होंने कहा कि उद्योगों को सुरक्षा, बेहतर कनेक्टिविटी और मजबूत सप्लाई चेन देना सरकार की जिम्मेदारी है.

उन्होंने कहा कि पिछले साल उत्तर प्रदेश में 156 करोड़ पर्यटक आए, जिनमें महाकुंभ में पहुंचे 66-67 करोड़ श्रद्धालु भी शामिल थे. काशी, अयोध्या, मथुरा-वृंदावन, विंध्याचल, नैमिषारण्य, बौद्ध और जैन सर्किट को विश्वस्तरीय पहचान दिलाने का काम किया जा रहा है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब “बीमारू राज्य” की छवि से बाहर निकल चुका है और देश की अर्थव्यवस्था का ग्रोथ इंजन बन रहा है.

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