scorecardresearch
Saturday, 18 April, 2026
होमदेशअर्थजगतउत्तराखंड : मुख्यमंत्री धामी ने पेश किया 1.11 लाख करोड़ रुपये का बजट

उत्तराखंड : मुख्यमंत्री धामी ने पेश किया 1.11 लाख करोड़ रुपये का बजट

Text Size:

गैरसैंण, नौ मार्च (भाषा) उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को यहां राज्य विधानसभा में वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 1,11,703.21 करोड़ रुपये का बजट पेश किया ।

वित्त मंत्री के रूप में धामी का यह पहला बजट है। यह बजट राजस्व अधिशेष वाला। इसमें 2,536.33 करोड़ का राजस्व अधिशेष अनुमानित है ।

पिछले वित्त वर्ष के मुकाबले इस बार का बजट 10 प्रतिशत अधिक है।

बजट में राजस्व व्यय के रूप में 64,989.44 करोड़ रुपये का अनुमान रखा गया है जबकि पूंजीगत व्यय 46,713.73 करोड़ रुपये प्रस्तावित किया गया है।

आम बजट के रूप में पूंजीगत प्राप्तियों से 42,617.35 करोड़ जबकि राजस्व प्राप्तियों से 67,525.77 करोड़ रुपये अनुमानित है ।

बजट में वित्तीय जिम्मेदारी और पारदर्शिता बनाए रखते हुए एफआरबीएम के प्रावधानों का पूर्ण पालन किया गया है । राजकोषीय घाटा जीएसडीपी के तीन प्रतिशत की सीमा के अंदर रखा गया है जो 12,579.70 करोड़ रुपये है । इसी प्रकार, ऋण भी राज्य सकल घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) के 32.50 प्रतिशत की निर्धारित सीमा के अंदर है ।

अपने भाषण की शुरुआत में मुख्यमंत्री ने कहा कि बजट के मुख्य बिंदु समावेशी विकास, आत्मनिर्भर, नई सोच, तीव्र विकास, उन्नत गांव और शहर, लोक सहभागिता, आर्थिक शक्ति और न्यायपूर्ण व्यवस्था की सोच पर आधारित है ।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का संकल्प ज्ञान —गरीब, युवा, अन्नदाता (किसान) और नारी सशक्तीकरण के मॉडल के माध्यम से राज्य का समग्र विकास को आगे बढ़ाना है और ये उसके चार प्रमुख स्तंभ हैं ।

पिछले साल प्रेमचंद्र अग्रवाल के राज्य मंत्रिमंडल से इस्तीफा देने के बाद धामी ने पहली बार विधानसभा में पूर्ण बजट पेश किया है ।

प्रदेश की ग्रीष्मकालीन राजधानी में सोमवार से बजट सत्र की शुरुआत हुई जहां विपक्षी कांग्रेस के विधायकों ने सुबह राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) के अभिभाषण के दौरान भारी हंगामा किया ।

सदन की कार्यवाही शुरू होते ही ‘अंकिता भंडारी हत्याकांड में वीआईपी कौन है’ आदि नारे लगाते हुए विपक्षी सदस्य अध्यक्ष के आसन के सामने आ गए और राज्यपाल से वापस जाने का आग्रह करने लगे। करीब 15 मिनट तक कांग्रेसी सदस्य नारेबाजी करते रहे और इसके बाद उन्होंने सदन से बहिर्गमन कर दिया।

हालांकि, मुख्यमंत्री के बजट भाषण के दौरान विपक्षी सदस्यों ने सदन की कार्यवाही में भाग लिया।

इससे पहले, कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य के नेतृत्व में विधानसभा परिसर के मुख्य गेट पर धरना दिया तथा राज्य में बेरोजगारी, बिगड़ती कानून-व्यवस्था समेत विभिन्न मुददों पर पोस्टर हाथ में लेकर विरोध जताया ।

भाषा सं, दीप्ति रवि कांत अजय

अजय

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

share & View comments