नयी दिल्ली, 23 अक्टूबर (भाषा) घरेलू दवा निर्माता कंपनी सिप्ला और एली लिली एंड कंपनी (इंडिया) ने बृहस्पतिवार को भारत में टाइप 2 मधुमेह और क्रोनिक वजन प्रबंधन दवा ‘टिरजेपाटाइड’ के नए ब्रांड नाम ‘युरपीक’ के तहत वितरण और प्रचार के लिए एक समझौते की घोषणा की।
लिली ने टिरजेपाटाइड को भारत में मार्च, 2025 में मौनजारो ब्रांड नाम से पेश किया था।
दोनों कंपनियों ने सिप्ला द्वारा बीएसई पर साझा किए गए एक संयुक्त बयान में कहा कि इस समझौते के तहत, सिप्ला के पास भारत में टिरजेपाटाइड के दूसरे ब्रांड ‘युरपीक’ के वितरण और प्रचार का अधिकार है।
इस रणनीतिक समझौते का उद्देश्य उन शहरों से परे, जहां लिली की पहले से ही एक स्थापित उपस्थिति है, देश भर में व्यापक पहुंच को सक्षम करके टिरजेपाटाइड की उपलब्धता का विस्तार करना है।
बयान में कहा गया है कि लिली, सिप्ला को युरपीक का निर्माण और आपूर्ति करेगी और इसकी कीमत मौनजारो के समान ही होगी।
लिली इंडिया के अध्यक्ष और महाप्रबंधक विंसलो टकर ने कहा, ‘‘सिप्ला के साथ हमारे वाणिज्यिक समझौते के माध्यम से भारत में टिरजेपाटाइड के दूसरे ब्रांड की शुरुआत, पुरानी बीमारियों के लिए नवीन उपचारों तक पहुंच बढ़ाने की लिली की प्रतिबद्धता को और बढ़ाती है।’’
टकर ने कहा कि भारत में टाइप 2 मधुमेह और मोटापे की बढ़ती समस्या को देखते हुए, टिरजेपाटाइड की व्यापक उपलब्धता यह सुनिश्चित करेगी कि अधिक से अधिक मरीज इस नवीन चिकित्सा से लाभान्वित हो सकें।
भाषा राजेश राजेश अजय
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