मडगांव, 25 जून (भाषा) अल्पसंख्यक मामलों के केंद्रीय मंत्री किरेन रीजीजू ने बृहस्पतिवार को आश्वासन दिया कि गोवा के अल्पसंख्यक बहुल क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे से जुड़े कार्यों जैसे स्कूल भवनों, चिकित्सा सुविधाओं, कौशल विकास और उद्यमिता योजनाओं के लिए केंद्र सरकार सहायता प्रदान करेगी।
उन्होंने यह भी कहा कि गोवा ने अल्पसंख्यक समुदायों के लिए उपलब्ध केंद्रीय योजनाओं के तहत मिलने वाली धनराशि का पूरी तरह उपयोग नहीं किया है।
रीजीजू ने दक्षिण गोवा में राष्ट्रीय अल्पसंख्यक विकास एवं वित्त निगम (एनएमडीएफसी) योजनाओं के लाभार्थियों से बातचीत में कहा कि वह मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत से चर्चा करेंगे ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि अल्पसंख्यक मामलों के मंत्रालय द्वारा लागू की जा रही योजनाओं का लाभ समुदायों तक पहुंचे।
मंत्री ने कहा कि केंद्र की प्रमुख योजना ‘प्रधानमंत्री जन विकास कार्यक्रम (पीएमजेवीके)’ उन क्षेत्रों में बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के लिए कमी को पूरा करने वाली धनराशि उपलब्ध कराती है, जहां अल्पसंख्यक समुदायों की आबादी 25 प्रतिशत से अधिक है।
रीजीजू ने कहा कि उनका मंत्रालय यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि सभी छह अधिसूचित अल्पसंख्यक समुदायों मुस्लिम, ईसाई, सिख, बौद्ध, जैन और पारसी को पर्याप्त सहायता मिले तथा वे सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठा सकें।
उन्होंने कहा, “पिछले कुछ वर्षों में मैंने देखा है कि गोवा ने उपलब्ध धनराशि का अधिक उपयोग नहीं किया है। मैं मुख्यमंत्री से बात करूंगा ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि जहां भी अल्पसंख्यक आबादी 25 प्रतिशत से अधिक है, वहां हम विद्यालयों, स्कूल भवनों, चिकित्सा सुविधाओं, खेल स्टेडियम, पुस्तकालयों, कौशल प्रशिक्षण केंद्रों और अन्य जरूरतों के लिए योजनाओं को वित्त पोषित कर सकें।”
भाषा जितेंद्र अविनाश
अविनाश
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