लखनऊ: सोमवार सुबह लखनऊ के अलीगंज इलाके में एक कोचिंग सेंटर में भीषण आग लगने के बाद वहां से कई शवों को बाहर ले जाते हुए देखा गया.
घटना में हुई मौतों पर प्रधानमंत्री मोदी ने दुख जताया है और मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये तथा घायलों को 50-50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना में जान गंवाने वालों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है.
मुख्यमंत्री ने वरिष्ठ अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे तुरंत प्रभावित परिवारों से संपर्क करें और उन्हें हर संभव सहायता उपलब्ध कराएं. उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि आग में घायल हुए लोगों को सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा दी जाए.
इससे पहले उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि अलीगंज कोचिंग सेंटर में चलाया जा रहा बचाव अभियान अब लगभग पूरा कर लिया है.
पाठक ने कहा, “इस घटना में 14 बच्चों की मौत हो गई है और चार घायल बच्चों को KGMC ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है. घटना की उच्च-स्तरीय जांच के आदेश दे दिए गए हैं. मुख्यमंत्री अलीगढ़ में अपने सभी तय कार्यक्रम रद्द करके घटनास्थल पर पहुंच रहे हैं. हमारी प्राथमिकता घायलों को बेहतर से बेहतर इलाज मुहैया कराना है. घटना कैसे और क्यों हुई, इसका पता जांच रिपोर्ट आने के बाद ही चलेगा.”
उन्होंने आगे कहा, “अधिकारियों ने घटनास्थल पर तलाशी अभियान पूरा कर लिया है और पुष्टि की है कि अब कोई बच्चा वहां फंसा नहीं है. घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ बिना किसी नरमी के सख्त कार्रवाई की जाएगी. सरकार ने पीड़ित परिवारों को पूरा समर्थन देने की बात दोहराई है और कहा है कि उन्हें हर संभव मदद दी जाएगी.”
#WATCH | On the Lucknow coaching institute fire incident, Uttar Pradesh Deputy CM Brajesh Pathak says, "Fourteen children have lost their lives in the incident, with four injured admitted to the KGMC Trauma Centre. Instructions have been issued for a high-level inquiry. The Chief… pic.twitter.com/ElzmQBIbgs
— ANI (@ANI) June 22, 2026
बचाव अभियान की जानकारी देते हुए पाठक ने बताया कि दमकल कर्मियों ने इमारत तक पहुंचने के लिए नए तरीके अपनाए. उन्होंने कहा, “दमकल कर्मियों ने पास के एक मकान की दूसरी मंजिल की दीवार तोड़कर अंदर प्रवेश किया. भारी धुएं के कारण एग्जॉस्ट फैन लगाए गए हैं और कमरे-दर-कमरे तलाशी अभियान चलाया जा रहा है. हर कमरे की जांच की गई है और शौचालयों को भी चेक किया गया है.”
उपमुख्यमंत्री ने उन खबरों पर भी बात की जिनमें कुछ छात्रों के फंसे होने की बात कही गई थी. उन्होंने कहा, “उनके साथ पढ़ने वाले छात्रों के अनुसार 3-4 बच्चों ने खुद को एक शौचालय के अंदर बंद कर लिया था. दमकल कर्मी सबसे ऊपरी मंजिल तक पहुंच गए हैं और वहां कोई नहीं मिला. तलाशी अभियान पूरा होने के बाद हम पूरी जानकारी देंगे.”
पाठक ने पुष्टि की कि इस इमारत में कई संस्थान थे, जिनमें एक कोचिंग सेंटर, एक एनीमेशन सेंटर और एक पालतू जानवरों की दुकान शामिल थी. उन्होंने बताया कि कुछ छात्र भागने की कोशिश में घायल हो गए.
पाठक ने कहा, “कुछ बच्चे कूद गए थे. उन्हें चोटें आई हैं और उन्हें अस्पताल भेज दिया गया है. प्राथमिकता यह है कि घायलों को उचित इलाज मिले.”
बताया जा रहा है कि आग उस इमारत में लगी थी जहां एक लाइब्रेरी और कंप्यूटर प्रशिक्षण संस्थान चल रहा था. प्रत्यक्षदर्शी अमन के अनुसार, आग लगने के बाद अफरा-तफरी मच गई और एक व्यक्ति घबराहट में इमारत से कूद गया, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं.
अमन ने कहा, “यहां एक लाइब्रेरी या कंप्यूटर कोर्स का संस्थान है. जब हम मौके पर पहुंचे तो हमने इमारत से घना धुआं निकलते देखा. हमने 5-6 लोगों को बचा लिया. आग लगने के बाद एक व्यक्ति घबराकर इमारत से कूद गया और गंभीर रूप से घायल हो गया. अभी भी कुछ लोग अंदर फंसे हुए हैं.”
ANI एजेंसी के इनपुट से.
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