आर्थिक समीक्षा के मुताबिक, वर्ष 2016-17 में 13.30 लाख करोड़ की यूपी की अर्थव्यवस्था 2024-25 में बढ़कर 30.25 लाख करोड़ से अधिक हो गई है. वहीं, वित्तीय वर्ष 2025-26 में इसके 36 लाख करोड़ तक पहुंचने का अनुमान है.
मोदी सरकार अरविंद केजरीवाल के साथ जो कर रही है, वह गलत है. लेकिन क्या मोदी सरकार कभी अस्तित्व में आती, अगर केजरीवाल और उनके 'इंडिया अगेंस्ट करप्शन' आंदोलन ने UPA को तबाह न किया होता?