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Wednesday, 22 April, 2026
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‘लोकतंत्र की जीत’: प्रियंका ने 131वां (संशोधन) बिल को बताया ‘BJP की सत्ता बचाने की चाल’

संविधान (131वां संशोधन) विधेयक, 2026 के शुक्रवार को लोकसभा में 230 के मुकाबले 298 वोटों से खारिज हो जाने के बाद, कांग्रेस सांसद ने शनिवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया.

एक विद्रोही से स्टार प्रचारक तक: शशि थरूर ने कांग्रेस में फिर से अपनी जगह कैसे बनाई

महीनों तक मिले-जुले संकेत देने, सार्वजनिक तौर पर अलग राय रखने और विरोधियों की तारीफ़ करने के बाद, थरूर ने कांग्रेस नेतृत्व के साथ फिर से तालमेल बिठा लिया है—वे संसद में केंद्र पर हमला बोल रहे हैं और केरल में UDF के लिए प्रचार कर रहे हैं.

‘हमें जनसंख्या बहुमत की तानाशाही का खतरा है’—थरूर ने परिसीमन को लेकर मोदी सरकार पर निशाना साधा

कांग्रेस सांसद का कहना है कि सैद्धांतिक रूप से, मुट्ठी भर बड़े और गरीब राज्य पूरे देश का भविष्य तय कर सकते हैं, जिससे बाकी लोगों को 'अपने ही देश में दर्शक जैसा' महसूस होता है.

राहुल गांधी का परिसीमन बिल पर हमला: केंद्र पर ‘महिला आरक्षण के जरिए चुनावी नक्शा बदलने’ का आरोप

लोकसभा में विपक्ष के नेता ने कहा कि विपक्ष इन तीनों विधेयकों को पारित नहीं होने देगा, और कहा कि सरकार को 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' को बिना किसी देरी के लागू करना चाहिए.

महाराष्ट्र में SIR से पहले, BJP ने ‘अवैध बांग्लादेशी वोटर्स’ की पहचान के लिए अपना ‘SIR’ शुरू कर किया

सत्ताधारी पार्टी ने पहले ही 30 विधानसभा सीटों की एक लिस्ट तैयार कर ली है, जहां 2009 से 2026 के बीच वोटरों की संख्या में 40 प्रतिशत से ज़्यादा का ‘असामान्य’ बढ़ोतरी हुई है.

सत्ता को ना, राजनीति को हां? नीतीश कुमार के बेटे निशांत ने बिहार के डिप्टी सीएम पद को क्यों ठुकराया

बिहार में BJP के वर्चस्व से बनी नई राजनीतिक व्यवस्था के बीच, निशांत कुमार का उपमुख्यमंत्री बनने से इनकार करना, उनके निजी संयम और JD(U) के भीतर बदलते सत्ता समीकरणों—दोनों को दर्शाता है.

KT रामा राव क्यों चाहते हैं कि BRS का नाम बदलकर फिर से TRS किया जाए?

TRS ने अक्टूबर 2022 में खुद को BRS के रूप में रीब्रांड किया. इसका मकसद देश भर में ज़्यादा से ज़्यादा लोगों तक अपनी पहुंच बनाना था. यह कदम 2014 में तेलंगाना के गठन के बाद, पहली बार सरकार बनाने के 8 साल बाद उठाया गया.

बिहार में एक युग का अंत: नीतीश कुमार की विरासत के कई पहलू— ‘सुशासन बाबू’ से ‘पलटू राम’ तक

नीतीश ने 10 बार बिहार के मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ली है. उनका कार्यकाल मिला-जुला रहा है—शुरुआत में विकास और कानून-व्यवस्था में सुधार पर ज़ोर दिया गया, लेकिन राज्य अभी भी प्रमुख मानवीय संकेतकों के मामले में पीछे है.

‘नई सरकार को मेरा पूरा सहयोग और मार्गदर्शन मिलेगा’: बिहार सीएम पद से इस्तीफा देने के बाद नीतीश कुमार

जनता दल (यूनाइटेड) के प्रमुख नीतीश कुमार ने 2025 में अपना पांचवां चुनाव जीता, जब एनडीए ने बिहार में दो-तिहाई बहुमत हासिल किया और उन्होंने राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में 10वीं बार शपथ ली.

केंद्र सरकार का लोकसभा सीटों की संख्या 850 तक बढ़ाने का प्लान

विपक्षी दलों ने प्रस्तावित परिसीमन विधेयक को लेकर चिंता जताई है और आरोप लगाया है कि इससे लोकसभा में दक्षिणी राज्यों का प्रतिनिधित्व कम हो सकता है.

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दिल्ली में चिलचिलाती गर्मी का प्रकोप, पारा 42 डिग्री सेल्सियस के पार

नयी दिल्ली, 22 अप्रैल (भाषा) दिल्ली में बुधवार को चिलचिलाती गर्मी का प्रकोप रहा और कुछ जगहों पर अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस...

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सुप्रीम कोर्ट का सही फैसला और बिलकिस बानो की जीत

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